RO.NO. 01
बड़ी खबर

बृजभूषण सिंह को अदालत से राहत, महिला पहलवानों के यौन शोषण केस में हुए बरी

नई दिल्ली। भारतीय कुश्ती महासंघ (WFI) के पूर्व अध्यक्ष और पूर्व सांसद बृजभूषण शरण सिंह को महिला पहलवानों के कथित यौन उत्पीड़न मामले में बड़ी कानूनी राहत मिली है। दिल्ली की राउज एवेन्यू कोर्ट ने सोमवार को सबूतों के अभाव में बृजभूषण शरण सिंह और सह-आरोपी विनोद तोमर को बरी कर दिया। अदालत का यह फैसला करीब साढ़े तीन साल तक चली कानूनी प्रक्रिया के बाद आया है।

2023 से चल रही थी कानूनी कार्रवाई

यह मामला जनवरी 2023 में उस समय सुर्खियों में आया था, जब कई महिला पहलवानों ने जंतर-मंतर पर धरना देकर बृजभूषण शरण सिंह पर यौन उत्पीड़न के आरोप लगाए थे। इसके बाद दिल्ली पुलिस ने जांच कर चार्जशीट दाखिल की। 10 मई 2024 को अदालत ने आरोप तय किए, जिसके बाद मामले की सुनवाई शुरू हुई। बृजभूषण शरण सिंह 20 जुलाई 2023 से नियमित जमानत पर थे।

बृजभूषण और विनोद तोमर दोनों बरी

सोमवार को सुनाए गए फैसले में अदालत ने बृजभूषण शरण सिंह और विनोद तोमर को आरोपों से बरी कर दिया। अदालत ने कहा कि उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आरोप सिद्ध नहीं हो सके।

टिकट कटने के बाद बेटे ने जीता चुनाव

यौन उत्पीड़न के आरोपों के चलते भारतीय जनता पार्टी ने 2024 के लोकसभा चुनाव में कैसरगंज सीट से बृजभूषण शरण सिंह को टिकट नहीं दिया था। उनकी जगह पार्टी ने उनके बेटे करण भूषण सिंह को उम्मीदवार बनाया, जिन्होंने चुनाव जीतकर सीट बरकरार रखी। अदालत के फैसले के बाद अब राजनीतिक हलकों में यह चर्चा तेज हो गई है कि क्या बृजभूषण शरण सिंह भविष्य में फिर सक्रिय चुनावी राजनीति में वापसी करेंगे।

फैसले पर क्या बोले बृजभूषण?

अदालत के फैसले के बाद बृजभूषण शरण सिंह ने कहा कि उन्होंने शुरू से जो कहा था, वही अब सही साबित हुआ है। वहीं, उनके वकील ने कहा कि वे अदालत के विस्तृत आदेश का इंतजार कर रहे हैं। उनके अनुसार, शिकायत और शिकायतकर्ताओं के बयानों में कई विसंगतियां और विरोधाभास थे, जिनका उल्लेख सुनवाई के दौरान किया गया।

जंतर-मंतर से शुरू हुआ था विवाद

इस पूरे मामले की शुरुआत 18 जनवरी 2023 को हुई थी, जब देश के कई नामी पहलवान जंतर-मंतर पर धरने पर बैठे थे। बाद में तत्कालीन खेल मंत्री अनुराग ठाकुर के साथ बातचीत के बाद पहला धरना समाप्त हुआ, लेकिन मामला आगे बढ़ता गया और पुलिस जांच के बाद अदालत तक पहुंचा।

करीब साढ़े तीन वर्षों की सुनवाई के बाद आए इस फैसले ने देश के सबसे चर्चित खेल विवादों में से एक का कानूनी अध्याय फिलहाल समाप्त कर दिया है।

Share this

Kailash Jaiswal

"BBN24 News - ताजा खबरों का सबसे विश्वसनीय स्रोत! पढ़ें छत्तीसगढ़, भारत और दुनिया की ब्रेकिंग न्यूज, राजनीति, खेल, व्यवसाय, मनोरंजन और अन्य अपडेट सबसे पहले।"

Related Articles

Back to top button