ट्रेन में मोबाइल की तेज आवाज में रील देखना पड़ेगा भारी? जानें रेलवे के सख्त नियम

नई दिल्ली। ट्रेन में सफर के दौरान मोबाइल पर तेज आवाज में रील देखना, बिना इयरफोन के गाने सुनना या स्पीकरफोन पर ऊंची आवाज में बात करना दूसरे यात्रियों के लिए परेशानी का कारण बन सकता है। ऐसे मामलों में रेलवे प्रशासन यात्रियों से शांति बनाए रखने और सहयात्रियों की सुविधा का ध्यान रखने की अपील करता है। शिकायत मिलने पर परिस्थितियों के अनुसार कानूनी कार्रवाई भी की जा सकती है।
शोर मचाने पर क्या है सजा का प्रावधान?
रेलवे अधिनियम की धारा 145 के तहत नशे में उपद्रव करने, अभद्र व्यवहार या किसी अन्य तरीके से रेलवे परिसर में परेशानी पैदा करने पर कार्रवाई की जा सकती है। इस धारा के तहत दोषी पाए जाने पर छह महीने तक की कैद और 500 रुपये तक का जुर्माना हो सकता है। हालांकि, केवल मोबाइल पर तेज आवाज में रील चलाने के प्रत्येक मामले में यही सजा लागू होगी, ऐसा कहना सही नहीं है। कार्रवाई घटना की परिस्थितियों और लागू कानूनी प्रावधानों पर निर्भर करती है।
सदर्न रेलवे ने शांति बनाए रखने पर दिया जोर
ट्रेनों में यात्रियों की सुविधा सुनिश्चित करने के लिए रेलवे की ओर से शोर-शराबे से बचने की अपील की जाती है। यात्रियों को सलाह दी जाती है कि वे मोबाइल पर वीडियो देखते या संगीत सुनते समय इयरफोन का इस्तेमाल करें। रात के समय विशेष सावधानी बरतें, ताकि दूसरे यात्रियों की नींद और आराम प्रभावित न हो।
इन हरकतों से बचें यात्री
- बिना इयरफोन के तेज आवाज में रील या वीडियो चलाना।
- मोबाइल के स्पीकर पर तेज आवाज में गाने सुनना।
- स्पीकरफोन पर ऊंची आवाज में बातचीत करना।
- देर रात तेज रिंगटोन बजाकर सहयात्रियों को परेशान करना।
- आवाज कम करने के अनुरोध पर विवाद या अभद्रता करना।
परेशानी होने पर कहां करें शिकायत?
यदि कोई सहयात्री तेज आवाज में मोबाइल चलाकर परेशानी पैदा कर रहा है, तो यात्री इसकी शिकायत टीटीई या ट्रेन के अटेंडेंट से कर सकते हैं। इसके अलावा रेलवे के आधिकारिक रेलमदद (RailMadad) पोर्टल या ऐप के माध्यम से शिकायत दर्ज कराई जा सकती है। रेलवे हेल्पलाइन 139 पर भी संपर्क किया जा सकता है। यदि विवाद बढ़ने या मारपीट की आशंका हो, तो रेलवे सुरक्षा बल (RPF) से सहायता मांगें।
रेल यात्रा को सुखद और सुरक्षित बनाने के लिए प्रत्येक यात्री को सार्वजनिक स्थान के नियमों का पालन करना चाहिए और दूसरों की सुविधा का सम्मान करना चाहिए। मोबाइल का इस्तेमाल करते समय आवाज धीमी रखना और इयरफोन लगाना एक जिम्मेदार यात्री की पहचान है।



