PM मोदी ने दिखाई भारत की पहली हाइड्रोजन ट्रेन की तस्वीर, जल्द होगी शुरुआत

नई दिल्ली। भारतीय रेलवे हरित और स्वच्छ परिवहन की दिशा में एक नया इतिहास रचने जा रहा है। देश की पहली ग्रीन हाइड्रोजन से संचालित ट्रेन लॉन्च के लिए पूरी तरह तैयार है। इसे शून्य-उत्सर्जन (जीरो एमिशन) परिवहन की दिशा में एक बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी इस महत्वाकांक्षी परियोजना की तस्वीरें साझा करते हुए इसकी जानकारी दी है।
प्रधानमंत्री मोदी ने अपने आधिकारिक सोशल मीडिया अकाउंट पर हाइड्रोजन ट्रेन की तस्वीरें साझा करते हुए लिखा कि भारत की पहली हाइड्रोजन-पावर्ड ट्रेन हरियाणा से शुरू होने जा रही है। उनके इस पोस्ट के बाद लोगों में इस परियोजना को लेकर उत्साह बढ़ गया है।
यह ट्रेन भारतीय रेलवे की ‘हाइड्रोजन फॉर हेरिटेज’ पहल का हिस्सा है। इस योजना के तहत भविष्य में 35 और हाइड्रोजन ट्रेनों को शुरू करने की तैयारी की जा रही है, ताकि विरासत और ग्रामीण रेल मार्गों पर चलने वाले डीजल इंजनों की जगह पर्यावरण-अनुकूल विकल्प उपलब्ध कराया जा सके।

नई हाइड्रोजन ट्रेन को 10 कोच वाले डीईएमयू (DEMU) सेट के रूप में तैयार किया गया है। इसमें 682 सीटें हैं और कुल लगभग 2,600 यात्रियों को ले जाने की क्षमता है। नियमित संचालन के दौरान इसकी अधिकतम गति 75 किलोमीटर प्रति घंटा निर्धारित की गई है। यह परियोजना फिलहाल पायलट चरण में है, इसलिए ट्रेन का संचालन नियंत्रित और चरणबद्ध तरीके से किया जाएगा।
विशेषज्ञों के अनुसार, हाइड्रोजन ट्रेनें फ्यूल सेल तकनीक पर आधारित होती हैं। इनमें हाइड्रोजन और ऑक्सीजन की रासायनिक प्रक्रिया से बिजली उत्पन्न होती है, जिससे इलेक्ट्रिक मोटर संचालित होती है। इस प्रक्रिया में किसी प्रकार का धुआं या कार्बन उत्सर्जन नहीं होता और केवल जलवाष्प तथा गर्मी निकलती है।
रेलवे का मानना है कि हाइड्रोजन ट्रेनें उन रेल मार्गों के लिए बेहतर विकल्प साबित होंगी, जहां ओवरहेड विद्युत लाइनें बिछाना कठिन या अत्यधिक महंगा है। इससे भारतीय रेलवे के कार्बन उत्सर्जन को कम करने और हरित परिवहन को बढ़ावा देने में महत्वपूर्ण मदद मिलेगी।



