अमेरिका-ईरान में फिर तनातनी, ट्रंप के बयान पर तेहरान का सख्त जवाब

नई दिल्ली: अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के एक विवादित बयान को लेकर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर नया कूटनीतिक विवाद खड़ा हो गया है। ट्रंप ने हाल ही में एक टिप्पणी में भारत और चीन को लेकर आपत्तिजनक शब्दों का इस्तेमाल किया था, जिसके बाद कई देशों और संस्थानों ने प्रतिक्रिया दी है।
इस बयान पर सबसे तीखी प्रतिक्रिया ईरान की ओर से आई है। Iranian Mission to India ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर जवाब देते हुए ट्रंप को सलाह दी कि उन्हें “सांस्कृतिक डिटॉक्स” की जरूरत है। मिशन ने कहा कि बिना वास्तविक अनुभव के किसी देश पर टिप्पणी करना उचित नहीं है और बेहतर होगा कि पहले भारत आकर हालात को समझा जाए। इस पोस्ट के साथ भारत के महाराष्ट्र से जुड़ी कुछ तस्वीरें भी साझा की गईं।
यह विवाद तब शुरू हुआ जब ट्रंप ने एक अन्य सोशल मीडिया पोस्ट को साझा किया था, जिसमें अमेरिका की नीतियों के साथ-साथ भारत और चीन को लेकर भी विवादित दावे किए गए थे। उस पोस्ट में भारतीय पेशेवरों और उनकी अंग्रेजी दक्षता को लेकर भी टिप्पणी की गई थी, जिससे कई स्तरों पर आपत्ति दर्ज की गई।
भारत सरकार ने इन टिप्पणियों को सख्ती से खारिज करते हुए इन्हें तथ्यहीन और अस्वीकार्य बताया है। विदेश मंत्रालय ने स्पष्ट किया कि भारत-अमेरिका संबंध पारस्परिक सम्मान और साझा हितों पर आधारित हैं, जिन्हें इस तरह के बयानों से परिभाषित नहीं किया जा सकता।
इस पूरे विवाद पर अमेरिका स्थित भारतीय समुदाय के कई संगठनों ने भी चिंता जताई है और कहा है कि ऐसे बयान दोनों देशों के रिश्तों की सकारात्मक छवि को नुकसान पहुंचा सकते हैं।
वहीं, अमेरिका की ओर से स्थिति को संभालने की कोशिश भी की गई है। अमेरिकी दूतावास ने बयान जारी कर कहा कि भारत दोनों देशों के लिए एक महत्वपूर्ण साझेदार है और द्विपक्षीय संबंधों को लेकर सम्मान बना हुआ है।
यह विवाद ऐसे समय सामने आया है जब अमेरिका के विदेश मंत्री Marco Rubio के भारत दौरे की तैयारियां चल रही हैं। माना जा रहा है कि यह यात्रा दोनों देशों के बीच बढ़ते तनाव को कम करने में अहम भूमिका निभा सकती है।
कुल मिलाकर, यह मामला एक बार फिर दिखाता है कि सोशल मीडिया पर दिए गए बयान किस तरह कूटनीतिक संबंधों में असहजता पैदा कर सकते हैं।



