भारत सरकार भूमि संसाधन विभाग के सचिव ने मुख्य सचिव से की सौजन्य भेंट

रायपुर। भारत सरकार के भूमि संसाधन विभाग के सचिव नरेंद्र भूषण ने आज मंत्रालय महानदी भवन में मुख्य सचिव विकासशील से सौजन्य मुलाकात की। इस दौरान जलग्रहण प्रबंधन, प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना, छत्तीसगढ़ भुईयां पोर्टल, पंजीयन एवं स्टाम्प, ई-कोर्ट सहित राज्य में सुशासन के लिए किए जा रहे नवाचारों पर विस्तार से चर्चा हुई।
इसके बाद नरेंद्र भूषण ने राजस्व एवं आपदा प्रबंधन, वाणिज्यिक कर (पंजीयन एवं स्टांप) तथा छत्तीसगढ़ राज्य जलग्रहण क्षेत्र प्रबंधन एजेंसी के अधिकारियों की बैठक लेकर विभागीय कार्यों और योजनाओं की प्रगति की समीक्षा की।
बैठक में राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग की सचिव शम्मी आबिदी ने बताया कि राज्य में भू-अभिलेखों का कम्प्यूटरीकरण किया गया है। भूमि रिकॉर्ड के लिए आधुनिक रिकॉर्ड रूम बनाए गए हैं और भू-नक्शों का डिजिटलीकरण भी किया गया है। राजस्व मामलों के निराकरण के लिए रेवेन्यू ई-कोर्ट की व्यवस्था लागू की गई है।

उन्होंने बताया कि भुईयां पोर्टल पर डिजिटल किसान किताब अपडेट की गई है, जहां कोई भी भूमि स्वामी अपनी जमीन की जानकारी ऑनलाइन डाउनलोड कर सकता है। साथ ही ऑनलाइन भूमि ऑटो डायवर्सन की सुविधा भी शुरू की गई है।
पंजीयन एवं स्टाम्प विभाग द्वारा आधुनिक तकनीक अपनाते हुए दस्तावेजों की ई-पंजीयन व्यवस्था लागू की गई है। अब रजिस्ट्री प्रक्रिया आसान, पारदर्शी और पेपरलेस हो गई है। दस्तावेज ऑनलाइन उप-पंजीयक के समक्ष प्रस्तुत किए जा रहे हैं। व्हाट्सएप अलर्ट के जरिए क्रेता और विक्रेता को अपॉइंटमेंट से लेकर रजिस्ट्री पूर्ण होने तक की जानकारी मिल जाती है। रजिस्ट्री की प्रति भी व्हाट्सएप के माध्यम से डाउनलोड की जा सकती है।



