हाईस्पीड स्लीपर सफर की शुरुआत: गुवाहाटी–कोलकाता रूट पर दौड़ेगी वंदे भारत

नई दिल्ली। भारतीय रेलवे ने लंबी दूरी की यात्राओं को आधुनिक और आरामदायक बनाने की दिशा में एक ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल कर ली है। देश की पहली वंदे भारत स्लीपर ट्रेन ने ट्रायल, तकनीकी जांच और प्रमाणन की सभी प्रक्रियाएं सफलतापूर्वक पूरी कर ली हैं। यह ट्रेन विशेष रूप से 1000 किलोमीटर से अधिक की दूरी तय करने वाले यात्रियों को ध्यान में रखकर विकसित की गई है।
केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पर इस हाईटेक स्लीपर ट्रेन का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने इसे भारतीय रेलवे के बदलाव और आधुनिकीकरण की दिशा में एक बड़ा और निर्णायक कदम बताया।
यात्रियों के अनुभव को बदलेगी स्लीपर वंदे भारत
निरीक्षण के दौरान रेल मंत्री ने कहा कि वंदे भारत का स्लीपर संस्करण यात्रियों को विश्वस्तरीय सुविधा देने के उद्देश्य से तैयार किया गया है। ट्रेन के डिजाइन में आराम, सुरक्षा और आधुनिक तकनीक को प्राथमिकता दी गई है। उन्होंने जानकारी दी कि इस ट्रेन की शुरुआत गुवाहाटी–कोलकाता रूट से की जाएगी और वर्ष के अंत तक लगभग 12 वंदे भारत स्लीपर ट्रेनें देश के अलग-अलग रूट्स पर उतारने का लक्ष्य है।
हाईस्पीड ट्रायल में दिखाई बेहतरीन स्थिरता
वंदे भारत स्लीपर ट्रेन का हाल ही में कोटा से नागदा सेक्शन के बीच हाईस्पीड ट्रायल किया गया। इस दौरान ट्रेन को 180 किमी प्रति घंटे की रफ्तार तक दौड़ाया गया। तेज गति के बावजूद ट्रेन की स्थिरता और संतुलन बेहतरीन रहा, जिससे इसके उन्नत सस्पेंशन और सेफ्टी सिस्टम की क्षमता साबित हुई।
गुवाहाटी–कोलकाता रूट पर संभावित किराया
रेलवे सूत्रों के मुताबिक, इस रूट पर वंदे भारत स्लीपर ट्रेन के लिए प्रस्तावित किराया इस प्रकार हो सकता है:
- थर्ड एसी: ₹2300
- सेकेंड एसी: ₹3000
- फर्स्ट एसी: ₹3600
अधिकारियों का मानना है कि यह किराया मौजूदा ट्रेनों और अन्य परिवहन विकल्पों की तुलना में प्रतिस्पर्धी और यात्रियों के लिए किफायती रहेगा।
समय और खर्च—दोनों की होगी बचत
फिलहाल गुवाहाटी से कोलकाता (हावड़ा) के बीच हवाई यात्रा का किराया आमतौर पर ₹6000 से ₹8000 तक रहता है, जो मांग बढ़ने पर ₹10,000 से ऊपर भी चला जाता है। ऐसे में वंदे भारत स्लीपर ट्रेन न सिर्फ यात्रा के समय को कम करेगी, बल्कि मध्यम वर्ग के यात्रियों को एक सुविधाजनक और सस्ता विकल्प भी देगी।
रेलवे के इतिहास में नया अध्याय
वंदे भारत स्लीपर ट्रेन को भारतीय रेलवे के लिए एक मील का पत्थर माना जा रहा है। यह पहल लंबी दूरी की रात की यात्राओं को नए स्तर पर ले जाएगी और भारतीय रेलवे को वैश्विक मानकों के और करीब पहुंचाने में अहम भूमिका निभाएगी।



