छत्तीसगढ़

मौखिक आदेश पर सहायक परियोजना अधिकारी की नियुक्ति शिक्षा विभाग पर लगे सवालिया निशान

बिलासपुर ।राजेश मिश्रा। छत्तीसगढ़ शासन स्कूल शिक्षा विभाग का एक आदेश आजकल सुर्खियों में बना हुआ है यह आदेश स्कूल शिक्षा विभाग के अवर सचिव जनक कुमार द्वारा दिनांक 21 एक 2021 को पारित किया गया अवर सचिव जनक कुमार ने प्रमुख सचिव छत्तीसगढ़ शासन स्कूल शिक्षा विभाग के मौखिक निर्देशों का हवाला देते हुए अलका शुक्ला प्राचार्य शासकीय आईटीआई बिलासपुर को राष्ट्रीय माध्यमिक शिक्षा अभियान का परियोजना अधिकारी समन्वयक बिलासपुर का प्रभार दे दिया गया जिससे सवाल खड़े हो गए हैं आखिर मौखिक आदेश के आधार पर नियुक्त कर्मचारियों अधिकारियों की नियुक्ति कब से होने लगी इससे साफ जाहिर होता है कि प्रदेश में अफसरशाही निरंकुश हो गई है और सरकार का नियंत्रण अफसरों के ऊपर से समाप्त हो गया है इस मामले की शिकायत शिक्षा मंत्री प्रेम प्रेमसाय सिंह टेकाम एवं मुख्यमंत्री भूपेश बघेल से भी की गई है किंतु सरकार के जिम्मेदार माननीय द्वारा क्या कार्यवाही की जाएगी यह देखने का विषय होगा। इस नियुक्ति से एक बात यह भी स्पष्ट होती है कि अधिकारियों में पहुंच और पैसों का रुतबा रखने वालों के काम को कोई नहीं रोक सकता पैसे के आगे नियम कानून कोई मायने नहीं रखते इसीलिए नियमों को धता बताते हुए सिर्फ मौखिक आदेश पर एक अधिकारी को प्राचार्य से सहायक परियोजना अधिकारी बना दिया गया BBN24news.com इस पत्र की पुष्टि नहीं करता हैं किंतु यह पत्र जारी हुआ है और लगतार वायरल हो रहा है यह पत्र वाकई संबंधित अधिकारी द्वारा जारी किया गया है या फर्जी रूप से जारी कर अपना उल्लू सीधा करने का प्रयास किसी के द्वारा किया जा रहा है यह जांच का विषय है

ग्राम पंचायत सलनी सरपंच द्वारा दलितों पर किया जा रहा अत्याचार सरपंच ऊपर उचित कार्यवाही के लिए राजकुमार चंद्रा द्वारा दो दिनों से किया जा रहा हैं आमरण अनशन, भूख हड़ताल

जांजगीर चांपा ( जैजैपुर)/ सरपंच सलनी टंकेश्वर चंद्रा के द्वारा दलितों का मकान तोड़कर जबरदस्ती शासकीय निर्माण के नाम पर चबूतरा बनाने के खिलाफ तीन बार स्थगन आदेश के बाद भी निर्माण कार्य ना रोके जाने के खिलाफ ग्राम पंचायत सलनी थाना जैजैपपुर के निवासी राजकुमार चंद्रा ने भूख हड़ताल के दूसरे दिन भी अपना प्रण दोहराया है और कहा कि यह लड़ाई तो अब स्वाभिमान और आत्म सम्मान की है और मैं इसे अंत तक लडूंगा । मिली जानकारी के अनुसार ग्राम पंचायत सलनी निवासी राजकुमार चंदा की ग्राम सलनी में राइस मील है और उसके बगल में ही सरपंच सलनी के द्वारा धान खरीदी हेतु चबूतरा निर्माण किया जा रहा है । विदित हो कि इस स्थान पर तीन दलित परिवार निवास करते थे जिनके घर को तोड़कर चबूतरा का निर्माण किया जा रहा है , इसके साथ ही राजकुमार चंद्रा के द्वारा इस स्थान पर राइस मिल कीे ओर सागौन तथा मुनगा एवं अन्य पौधे लगाए गए थे जिसे सरपंच सलनी ने उखंडवा दिया और वहां निर्माण कार्य आरंभ कर दिया। विदित हो कि भूरी बाई टंडन उस स्थान पर चालीस साल से रही थी। भूरी बाई टंडन को बिना नोटिस दिए घर तोड़ने के कारण इतना मानसिक आघात पहुंचा है कि उनकी मानसिक दशा बिगड़ गई है और उनकी बोलने की शक्ति नहीं रही और उनकी हालत इतनी खराब है कि उन्हें कहे ले जाया भी नहीं जा सकता है। राजकुमार चंद्रा ने बताया कि इस स्थान पर पहले बहुत बड़ा गडढा था जिसे उन्होंने राइस मिल के चलते करीब डेढ़ लाख रुपए लगाकर मिट्टी से पटवाया है जिससे उनके राइस मिल में आने वाले वाहन आसानी से पहुंच सके। उन्होंने सरपंच सलनी से आग्रह किया कि केवल राइस मिल मे आने-जाने के लिये तीस फीट का रास्ता छोड दे पर उनके नहीं मानने पर उन्होंने तहसीलदार से निवेदन किया परंतु तहसील कार्यालय से भी कोई कार्यवाही होता ना देखकर उन्होंने 22 जनवरी से भूख हड़ताल पर बैठने का निश्चय किया और आज उन्हें भूख हड़ताल करते हुए 2 दिन हो गए परंतु अब तक तहसीलदार का आगमन नहीं हुआ है और ना ही स्वास्थ्य विभाग से उन्हें कोई देखने पहुंचा है । नियमानुसार भूख हड़ताल बैठने वाले व्यक्ति को पुलिस विभाग की ओर से सुरक्षा दी जाती है वहां 24 घंटे कांस्टेबल का होना आवश्यक होता है और साथ ही हर दिन उनकी जांच डॉक्टर के द्वारा होनी चाहिए परंतु अब तक पुलिस विभाग से और ना ही स्वास्थ्य विभाग से कोई नहीं पहुंचा है जिससे प्रशासन की बड़ी लापरवाही सामने दिखाई दे रही हैं । हड़ताल के पहले दिन अर्थात कल 22 जनवरी को तहसीलदार तहसील कार्यालय से 3 राजस्व निरीक्षक पहुंचे और उन्होंने उस स्थान का निरीक्षण और जांच किया और बताया कि यह स्थान बड़े झाड़ का जंगल में दर्ज है अर्थात यह भूमि वन विभाग के अंतर्गत आती है और वहां वन विभाग की अनुमति के बिना यहां निर्माण कार्य नहीं कराया जा सकता परंतु सरपंच संलनी के द्वारा यहां बिना अनुमति निर्माण कार्य कराया जा रहा है साथ ही निर्माण कार्य में मशीनों का प्रयोग नहीं होना चाहिए परंतु सरपंच संलनी के द्वारा जेसीबी का प्रयोग करते हुए महिला को नोटिस बिना दिये उनका घर तोड़ा गया । इस विषय में जनपद पंचायत सी ई ओ जैजैपुर से पूछा गया तो उन्होंने कहा कि सरपंच सलनी अपने निजी खर्च से जेसीबी का प्रयोग कर सकते हैं । यहां प्रश्न यह उठता है कि क्या शासकीय भूमि में कोई निजी पैसे का इस्तेमाल कर सकता है अगर ऐसा है तो कोई भी व्यक्ति शासकीय भूमि में अपना निजी पैसा लगाकर उसे अपनी जमीन घोषित कर सकता है । इसी तरह जब उनसे पूछा गया कि भूरी बाई टंडन का घर बिना नोटिस दिये तोडा गया है तो उन्होंने कहा कि उन्हें मौखिक कहा गया होगा क्या शासकीय कार्यो मे मौखिक बातो का कोई मतलब है साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि उनका इसके अतिरिक्त और भी घर होगा तो क्या इस बिना पर शासन किसी का घर तोड सकती है ।भूख हडताल पर बैठने वाले राजकुमार चंदा के द्वारा बताया गया है कि जब उन्होंने इस बाबत एस डी एम से बात की तो एसडीएम ने साफ कह दिया कि तहसीलदार और पटवारी जाने इस मामले में मैं नहीं जानता ।यह प्रशासन की घोर लापरवाही है कि आज 2 दिन बीत गए परंतु प्रशासन का स्वास्थ्य विभाग और पुलिस विभाग मौन दर्शक की भाती राजकुमार चंद्रा के भूख हड़ताल को देख रहा है और राजकुमार चंद्रा भूख हडताल से कमजोर हो रहे है ।

भाटापारा में 18 जनवरी से यातायात माह का शुरुवात आज यातायात पुलिस के द्वारा रैली निकाल कर यातायात नियमो के पालन करने की गई अपील

भाटापारा :- भाटापारा में 32 व यातायात सड़क सुरक्षा माह का शुभारंभ 18 जनवरी 2021 से 17 फरवरी 2021 तक यातायात पुलिस भाटापारा द्वारा किया जा रहा है जिसके तहत आज भाटापारा के प्रमुख मार्गो से होते हुए यातायात पुलिस के माध्यम से रैली निकालकर लोगों को जागरूक किया गया एवं यातायात नियमों की जानकारी देते हुए अपनी सुरक्षा एवं बचाव के लिए जनता को जानकारी प्रदान की गई। आज के इस यातायात जागरूकता माह रैली में भाटापारा एसडीएम इंद्रा देवहरी ,एसडीओपी के.बी.दुबेदी, ग्रामीण थाना टीआई रामअवतार ध्रुव,शहर थाना टीआई विजय चौधरी,यातायात प्रभारी संजीव राजपुत,एसआई हितेश जंघेल,विजय केशरिया,एएसआई धनेश्वर दुबे प्रधान आरक्षक,शिवकुर्रे, आरक्षक श्री चंद ध्रुव,लोरिक शांडिल्य,कमल साहू,झबरू साहू एवम ग्रामीण थाना,शहरी थाना व यातायात थाना के स्टाफ मौजूद रहे।

जांजगीर : मंडी परिसर में 6 लाख रुपए लागत से बना चबूतरा चढ़ा भ्रष्टाचार की भेंट

मालखरौदा / जांजगीर चांपा जिला के मालखरौदा जनपद पंचायत पंचायत के अन्तर्गत आने वाले ग्राम भठोरा में रोजगार गारंटी योजना के तहत मंडी परिसर में लगभग 12 लाख रुपए के लागत से निर्मित 6 नग चबूतरा दो बार के कार्य से किया गया है जिनमे से इन दिनों भ्रष्टाचार साफ साफ झलक रही है , हम आपको बता दें कि मंडी परिसर में 6 नग दो दो लाख रुपए के लागत मूल्य से चबूतरा निर्मित किया गया जिसमें बहुत ज्यादा अनियमितता बरती गई है एवं घटिया मेटरियल का उपयोग किया गया है जिसके कारण निर्माण के कुछ ही दिनों में चबूतरा जर्जर हो कर टूट गई है जिसमें साफ साफ लापरवाही देखने को मिल रही हैं। ग्राम भठोरा के कुछ लोगो का आरोप है कि सरपंच द्वारा मंडी निर्माण का कार्य को ठेकादारी दे कर करवाया गया है जिससे कमिशन के फेर में पैसा बचाने की चक्कर में घटिया मटेरियल एवं पतला झड़ का उपयोग किया गया है। अब देखना होगा कि आखिर कब जांच होती है और कब तक कार्यवाही होती है।

"संबधित अधिकारी को निर्देश दिया गया है कि जल्द से जल्द जांच किया जाए और जांच प्रतिवेदन प्रस्तुत किया जाये"

संदीप सिंह पोयाम ( मुख्य कार्यपालन अधिकारी मालखरौदा )

जांजगीर / अकलतरा : धारदार हथियार से हमला करने के आरोपी को 01 वर्ष कारावास एवं अर्थदंड की सजा

न्यायिक दंडाधिकारी प्रथम श्रेणी न्यायालय अकलतरा श्रीमान आनंद बोरकर द्वारा धारदार हथियार से मारकर उपहति कारित करने के आरोपी अनिल कुमार चौहान को भा.द.वि.की धारा 324 एवम आयुध अधिनियम धारा 25 के तहत 01 वर्ष एवम 06 माह कारावास एवम अर्थदंड की सजा सुनाई। घटना 08/09/2014समय रात्रि के समय अटल चौक ग्राम पकरिया की है जंहा आरोपी अनिल कुमार चौहान द्वारा प्रार्थी सुरेश कुमार नेताम को उसके द्वारा एक दिन पूर्व आरोपी और प्रार्थी के भांजे के बीच हुए झगड़े में समझौता कराने की बात को लेकर अश्लील गाली गलौज,जान से मारने की धमकी देते हुए धारदार हथियार से प्रार्थी के कंधे पर वार कर चोट पहुचाया। घटना के सम्बंध में प्रार्थी सुरेश कुमार नेताम द्वारा घटना के दूसरे दिन थाना अकलतरा में सूचना दी जंहा आरोपी के विरुद्ध धारा 294,506,324भादवि एवं आयुध अधिनियम की धारा25 के अंतर्गत अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना पश्चात चालान न्यायिक दंडाधिकारी प्रथम श्रेणी न्यायालय अकलतरा के समक्ष पेश किया। अकलतरा न्यायालय में गवाहों के परीक्षण-प्रतिपरीक्षण बाद न्यायिक दंडाधिकारी प्रथम श्रेणी अकलतरा श्रीमान आनंद बोरकर द्वारा आरोपी अनिल कुमार चौहान को धारदार हथियार से चोट कारित करने का दोषी पाते हुए धारा 324 भादवि के तहत 06माह कारावास एवम आयुध अधिनियम की धारा 25 के तहत 01 वर्ष कारावास एवं अर्थदंड की सजा सुनाई साथ ही अर्थदंड अदा न करने पर अतिरिक्त कारावास का आदेश दिया। मामले में शासन की तरफ से सहायक जिला लोक अभियोजन अधिकारी एस. अग्रवाल ने पैरवी की।

गिरौदपुरी मेला का आयोजन 18 से 20 मार्च तक गुरू गद्दीनशीन श्री विजय गुरू की अध्यक्षता में मेला समिति की बैठक दर्शनार्थियों को बुनियादी सुविधाएं प्रदान करने आपसी तालमेल से काम करें अधिकारी: गुरू रूद्रकुमार

बलौदाबाजार,18 जनवरी 2021/ गिरौदपुरी धाम में इस साल तीन दिवसीय गुरूदर्शन मेले का आयोजन 18 से 20 मार्च 2021 तक किया जायेगा। जगतगुरू गुरू गद्दीनशीन विजय कुमार गुरू की अध्यक्षता में गिरौदपुरी मेला आयोजन समिति की आज यहां जिला पंचायत के सभागार में आयोजित उच्च स्तरीय बैठक में मेले की तिथि का निर्धारण किया गया। राज्य शासन के लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी एवं ग्रामोद्योग मंत्री गुरू रूद्रकुमार, राज राजेश्वरी कौशल माता, राजमहंत गण सहित कलेक्टर सुनील जैन, एसपी आई.के.एलेसेला सहित जिला प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी बैठक में उपस्थित थे। बैठक में लाखों दर्शनार्थियों के मेले में समागम को देखते हुए तैयारियों के संबंध में व्यापक विचार-विमर्श करते हुए मेले के सफल आयोजन की रूपरेखा को अंतिम रूप दिया गया। श्री विजय कुमार गुरू ने कोरोना काल को ध्यान में रखते हुए दर्शनार्थियों को इसके बचाव के उपाय करते हुए मेले में आने का आग्रह किया है। मंत्री श्री गुरू रूद्रकुमार ने बैठक में कहा कि मेले में लाखों की संख्या में श्रद्धालु जुटते हैं। उनके लिए बुनियादी सुविधाओं का इंतजाम करना जिला प्रशासन की जिम्मेदारी है। सभी विभाग आपसी ताल-मेल के साथ काम करके इस बड़े आयोजन को सफल बनाने में अपना सहयोग प्रदान करें। उन्होंने मेले में आने वाले श्रद्धालुओं को भी कोरोना से बचाव का संपूर्ण उपाय सुनिश्चित करने की अपील भी की है। कलेक्टर श्री सुनील कुमार जैन ने बैठक की कार्यवाही का संचालन करते हुए मेले के लिए इस साल प्रस्तावित की गई व्यवस्था की जानकारी दी। मेले की तमाम व्यवस्था सुनिश्चित करने के लिए कसडोल एसडीएम श्री मिथिलेश डोण्डे को मेला अधिकारी नियुक्त किया गया है। कानून व्यवस्था में उन्हें सहयोग प्रदान करने के लिए राज्य स्तर से करीब 15 डिप्टी कलेक्टरों की तैनाती की जाएगी। इसके लिए सामान्य प्रशासन विभाग को पत्र लिखा गया है। दर्शनार्थियों के लिए पेयजल एवं निस्तारी जल की पर्याप्त इंतजाम रहेगी। मेला स्थल पर मौजूद 30 लाख, 8 लाख एवं 75 हजार लीटर क्षमता के टैंक को साफ कराकर पानी से भरा जाएगा। मंदिर परिसर, महराजी, छातापहाड़ एवं पंच कुण्डीय में अलग से पानी टंकी का इंतजाम रहेगा। इसके साथ ही 17 टैंकर भी रहेगा,जिसे जरूरत के हिसाब से घुमाया जा सकेगा। पानी की व्यवस्था तीनों दिन चैबीसों घण्टे रहेगा।निस्तार जल के लिए महराजी एनीकट सहित कटगी एवं अमोदी के पास जांेक नदी को बांधकर पानी रोका जायेगा। समुचित स्थलों पर बायोटाॅयलेट, चलित टाॅयलेट और स्थायी टाॅयलेटों की साफ-सफाई के निर्देश दिए गए। बिजली संबंधी जरूरत का भी आकलन कर समय रहते आवश्यक सुधार कर लिया जाए। गुरू निवास सहित सभी ठिकानों पर स्वास्थ्य विभाग की टीम तैनात रहेगी। पर्याप्त दवाईयों एवं एम्बुलैंस के साथ रहेंगे। मेला स्थल की साफ-सफाई के लिए प्रत्येक नगरीय निकाय से 8-8 सफाई कर्मी आएंगे। सुबह और शाम दो टाईम सफाई की व्यवस्था रहेगी। मेला में आये दर्शनार्थियों के लिए रियायती दर पर दाल-भात केन्द्र स्थापित किये जाएंगे। आस-पास गांवों के स्कूलों में मध्यान्ह भोजन बनाने वाले स्व सहायता समूहों को दाल-भात केन्द्र चलाने की जिम्मेदारी दी जाएगी। मेले में प्लास्टिक के सामान में भोजन एवं अन्य सामग्री परोसने पर प्रतिबंध रहेगा। दोना पत्तल एवं लकड़ी के इस्तेमाल को बढ़ावा दिया जाएगा। मेला स्थल में दुकानों के आवंटन के लिए एक समिति बनाई गई है। मेला स्थल पर तीन दमकल गाड़ियां भी विद्यमान रहेंगी। मेला स्थल के चप्पे-चप्पे पर सुरक्षा व्यवस्था रहेगी। लगभग 500 की संख्या में पुलिस बल मौजूद रहेंगे। गिरौदपुरी धाम के 10 किलोमीटर की परिधि में कोई भी अवैध शराब दुकान का कारोबार नहीं होगा। आबकारी एवं पुलिस को सख्त निर्देश दिए गए हैं। पान, गुटखा एवं बीड़ी का विक्रय पर भी प्रतिबंध रहेगा। राजमहंतों और आयोजन समिति के सदस्यों ने भी अपने पूर्व अनुभव के आधार पर मेले के और व्यवस्थित आयोजन के लिए सुझाव दिया। कलेक्टर श्री जैन ने बैठक में लिए गए निर्णयों के अनुरूप व्यवस्था का भरोसा दिलाया। उन्होंने सभी अधिकारियों को अपने हिस्से का काम पूर्ण कर 15 मार्च तक अंतिम ओके रिपोर्ट प्रस्तुत करने कहा है। बैठक में एसपी आई.के.एलेसेला, जिला पंचायत सीईओ डाॅ. फरिहा आलम सिद्धिकी, अपर कलेक्टर राजेन्द्र गुप्ता सहित संबंधित अधिकारी उपस्थित थे।

विशेष : माओवादी कर रहे हैं मानव अधिकार का हनन आदिवासी ग्रामीणों को उन की वजह से उठानी पड़ती हैं कई परेशानियां

जल जंगल जमीन की लड़ाई में हजारों आदिवासी जेल गए

कई आदिवासीयो को मुखबिर के नाम पर उतार दिया मौत के घाट, पत्रकारों को भी बना रहे निशान

बीजापुर -- जिला मुख्यालय हो दंतेवाड़ा,सुकमा, नारायपुर हो ग्रामीण क्षेत्र के आदिवासी ग्रामीण होते हैं परेशान जल जंगल जमीन की लड़ाई में अब तक हजारों आदिवासी जेल पहुंच चुके हैं । वहीं मुठभेड़ में भी आदिवासी ग्रामीण माओवादी मारे गए हैं । अलग-अलग क्षेत्रों में हजारों की संख्या में ग्रामीण आदिवासियों के ही मौत हुई है । कई तरह की परेशानियों का शिकार आदिवासी ग्रामीणों के परिवार को ही उठानी पड़ती है । कुछ दिन पूर्व पुलिस मुखबिरी के नाम पर मेटापाल, पालनार, सावनार, कोंडापल्ली , जैसे आदिवासी क्षेत्र के कई नव युवकों को जनअदालत लगाकर मुखबिरी के नाम पर मौत की सजा दे दी गई माओवादियों के द्वारा परिवार के सदस्यों को उनके शव भी नहीं मिले कितनी खामोशी से कई आदिवासी परिवार ने माओवादी के इस जुल्म को सहा यह कहा जा सकता है । कि एक तरह से मानव अधिकार का हनन किया माओवादियों के खिलाफ परिवार ने दबी जुबान से विरोध तक नहीं किया खामोशी से सह लिय क्योंकि अगर आवाज उठती तो अगली बारी किसी और परिवार की होती । छत्तीसगढ़ के बस्तर के कई इलाके जंगली क्षेत्रों में आते हैं । जहां माओवादियों के अपने कब्जे में कर लिया है । सरकार के साथ भ्रष्टाचार की लड़ाई ,सलवा जुडूम की लड़ाई से बचें कुछ परिवार को खत्म करने का जुनून माओवादीयो में कुछ इस कदर हैं कि कभी भी कही भी किसी को भी मार देते है ।दूसरी ओर माओवादी और पुलिस के बीच के बीच छिड़ी जंग से कई आदिवासी बेकसूर परिवार को सजा मिल रही हैं ।माओवादियों की संगठन का कोई लीडर यह नहीं समझ पा रहा है । क्षेत्र की समस्याओं को कैसे दूर करे परंतु माओवादी लीडर सिर्फ जन अदालत लगाकर अनजान व्यक्ति को मुखबिरी का नाम दें मौत की सजा ही दे पाते हैं । उसके बदले में ग्रामीण क्षेत्र के कई निर्दोष युवक पुलिस के हत्थे चढ़े जेल पहुंच चुके हैं ।

पत्रकारों को भी बना रहे हैं निशान पिछले दोनो माओवादीयो के द्वारा दो वरिष्ट पत्रकारों को मार चुके है । वही कुछ दिनों पहले एक पेड़ में पर्चा लिख कर पत्रकार को मारने की बात लिखी थी । माओवादी सगठन के बड़े लिडर एक ओर बोलते है । कई घटनाओं के होने के बाद प्रेस नोट जारी कर जाँच करें की बात बुद्विजीवियों से कहते हैं । दूसरी ओर पत्रकार ,बुद्विजीवी वर्ग को भी अपने जाना का खतरा है । माओवादी सगठन से क्योंकि की सगठन में मिलिशय वर्ग के माओवादीयो को जानकारी नहीं होती किसी भी बात की क्योंकि य मिलिशय वर्ग ओ आदिवासी समुदाय के लोग है । जो गाँव मे रह कर छोटा -मोटा काम कर के जीवन यापन कर रहे है । साथ ही माओवादियों के काम भी करते है किसी बात की जानकारी नहीं होती बड़े लीडरों की जब गाँव की ओर पुलिस जाती हैं । बेगुनाह और आदिवासी क्षेत्रों के आदिवासी ग्रामीण पुलिस के हत्थे चढ़ते हैं और या मुठभेड़ में मारे जाते हैं या जेल भेज दिए जाते हैं फिर उनके परिवार पर आती है बड़ी विपत्ति जल जंगल जमीन की लड़ाई करने वाले की मदद कोई नहीं करते फिर परिवार के पास पैसे तक नहीं होते कोर्ट के लिए ना जगदलपुर, दंतेवाडा, बीजापुर में बंद अपने परिवार के सदस्य जो जेल में है उनसे मिलने जाने के लिए ऐसे कई परिवार है जो कई सालों से परिवार से दूर है ।

सामाजिक कार्यकर्ता व वकील बेला भाटिया कहती हैं विश्व भर में शोषित वंचित वर्ग के अथक संघर्ष और बलिदानों के बाद सन 1948 में संयुक्त राष्ट्र महासभा ने विश्वव्यापी मानव अधिकार घोषणापत्र में प्रत्येक मनुष्य के बुनियादी मानव अधिकार को मान्यता दी अगर हम एक बेहतर समाज चाहते हैं तो सबसे पहले हमें खुद बाघ्य होना पड़ेगा की हम किसी के मानव अधिकार का हनन ना करें यही लोकतांत्रिक होने की एकमात्र कसौटी है बस्तर में चल रहे युद्ध का निराकरण तभी हो सकता है जब सरकार और सीपीआई (माओवादी) मानव अधिकारो की सुरक्षा के लिए प्रतिबद्ध रहे ।

सामाजिक कार्यकर्ता सोनी सोढ़ी कहती हैं कि माओवादियों के द्वारा लगाए गए बैनर पोस्टर की प्रशासन ,सरकार से जांच होनी चाहिए कार्यवाही होनी चाहिए एक कमेटी बनाकर लोगों से बैठकर चर्चा भी होनी चाहिए । तभी सच्चाई सामने आएगी ।

गणतंत्र दिवस का मुख्य समारोह पीजी कॉलेज मैदान में, कोरोना वायरस के संक्रमण के बचाव को ध्यान में रखते हुए नहीं होगें सांस्कृतिक कार्यक्रम गरिमापूर्ण तरीके से मनाया जाएगा गणतंत्र दिवस : कोविड-19 को ध्यान में रखते हुए आयोजित होंगे कार्यक्रम

कवर्धा 18 जनवरी 2021गणतंत्र दिवस 26 जनवरी 2021 के मुख्य ध्वाजारोहण समारोह आयोजन कवर्धा के पीजी कॉलेज आचार्य पंथ गृंधमुनी नाम साहेब शासकीय स्नात्कोत्तर महाविद्यालय में किया जाएगा। कोविड 19 कोरोना वायरस के संक्रमण के रोकथाम और उनके प्रभावित नियंत्रण को विशेष ध्यान में रखते हुए इस वर्ष मुख्य अतिथि द्वारा ध्वजारोहण होगा और इसके अलावा परेड की सलामी और कोरोना वारिर्यस को सम्मानित किए जाएंगे। इसके बाद जनता के नाम मुख्यमंत्री के संदेश का वाचन होगा। परेड मैदान में किसी भी प्रकार के सांस्कृतिक कार्यक्रम और विकास कार्यों पर आधार झांकियां नहीं निकाली जाएगी। कलेक्टर रमेश कुमार शर्मा ने आज यहां समय सीमा की बैठक में गणतंत्र दिवस के आयोजन के संबंध में राज्य शासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों के अनुरूप अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए। कलेक्टर शर्मा ने बताया कि गणतंत्र दिवस 26 जनवरी की रात्रि में जिले के सभी शासकीय, सार्वजनिक भवनों, राष्ट्रीय महत्व के स्मारकों पर रोशनी की जाएगी। साथ ही सभी शासकीय और सार्वजनिक भवनों पर राष्ट्र ध्वज फहराया जाएगा। गणतंत्र दिवस 26 जनवरी 2021 का आयोजन पूरे जिले में गरिमापूर्ण तरीके से किया जाएगा। राज्य शासन के निर्णय अनुसार इस वर्ष किसी प्रकार के सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन नही किया जाएगा, साथ ही किसी भी प्रकार की झांकियां नहीं निकाली जाएगी। समारोह में विशेष रूप से कोरोना वारियर्स डॉक्टरों, पुलिसकर्मियों, स्वास्थ्यकर्मियों और स्वच्छताकर्मियों को सम्मानित किया जाएगा। आयोजन के दौरान कोविड-19 से बचाव के लिए सभी निर्देशों का पालन और उपाए किए जाएंगे। गणतंत्र दिवस समारोह के आयोजन में स्कूली छात्र-छात्राओं को नहीं बुलाया जाएगा। जिला स्तर पर आयोजित गणतंत्र दिवस समारोह में मुख्य अतिथि के द्वारा ध्वजारोहण किया जाएगा। ध्वजारोहण के बाद पुलिस एवं अर्द्धसैनिक बलों की टुकड़ियों द्वारा (गार्ड ऑफ ऑनर) सलामी दी जाएगी। इसके बाद जनता के नाम मुख्यमंत्री के संदेश का वाचन होगा। कार्यक्रम में कोविड-19 से बचाव के लिए जारी दिशा निर्देशों का पालन करते हुए कोरोना वारियर्स चिकित्सकों, पुलिसकर्मियों, स्वास्थ्य कर्मियों और स्वच्छता कर्मियों को सम्मानित किया जाएगा। जनपद पंचायत कार्यालयों में जनपद अध्यक्ष एवं नगरीय निकायों में अध्यक्षों द्वारा ध्वजारोहण किया जाएगा। इसी तरह पंचायत मुख्यालयों में सरपंच एवं बड़े गांवों में गांव के मुखिया द्वारा ध्वजारोहण किया जाएगा।

रायपुर : कठिनाईयों से कभी न घबराएं, पूरे हौसले से कार्य कर सफलता अर्जित करें: सुश्री उइके : राज्यपाल आई.एस.बी.एम. विश्वविद्यालय के प्रथम दीक्षांत-समारोह में वर्चुअल रूप से शामिल हुई

राज्यपाल सुश्री अनुसुईया उइके आज आई.एस.बी.एम. विश्वविद्यालय के प्रथम दीक्षांत-समारोह में वर्चुअल रूप से शामिल हुई। इस दीक्षांत समारोह में विद्यार्थियों को स्वर्ण पदक और उपाधि प्रदान किए गए। राज्यपाल ने कहा कि कठिनाईयों से कभी न घबराएं, हौसला बनाए रखें। जो हौसले के साथ कार्य करता है, उसे लक्ष्य की अवश्य प्राप्ति होती है। उन्होंने कहा कि समय के अनुरूप परिवर्तन के लिए तैयार रहें और कड़ी मेहनत करें, भले ही इसके लिए अपने सुखों का त्याग करना पड़े। प्रकृति ने जो संसाधन दिए हैं उसका उतना ही उपयोग करें, जितनी आवश्यकता हो। अपने माता-पिता और गुरूजनों का सम्मान करें। आप जब अपने पैरों पर खड़े हो जाएं तो आने वाली पीढ़ियों का मार्गदर्शन करें और उनकी मदद करें। उन्होंने कहा कि जो सकारात्मक दृष्टिकोण रखता है वह जीवन में अवश्य सफल होता है। किताबी ज्ञान के साथ-साथ व्यावहारिक ज्ञान भी बहुत आवश्यक है। राज्यपाल ने कहा कि मैं गरियाबंद जिले के सुपेबेड़ा गांव गई थी और वहां की समस्याओं को सुनकर उनका समाधान किया था। उन्होंने विश्वविद्यालय प्रशासन से कहा कि सुपेबेड़ा जैसे दूरदराज के गांव का भ्रमण करें, विद्यार्थियों को ले जाएं और उन गांवों को विश्वविद्यालय गोद लेकर उनकी समस्याओं के निराकरण करने में मदद करें। उन्होंने कहा कि इस प्रथम दीक्षांत समारोह में शामिल विद्यार्थीगण आदिवासी बहुल गरियाबंद जिले के सुदूर क्षेत्र के सर्वांगीण विकास में मील के पत्थर साबित होंगे। वे विश्वविद्यालय से प्राप्त शिक्षा-दीक्षा के माध्यम से समाज, प्रदेश और देश को अपने ज्ञान, संस्कार तथा कौशल के प्रयोग से निश्चय ही एक नया आयाम देंगे। आज शिक्षा के प्रचार-प्रसार की आवश्यकता पिछड़े क्षेत्रों को अधिक है। यह गरियाबंद क्षेत्र के लिए प्रसन्नता की बात है, कि आई.एस.बी.एम. विश्वविद्यालय शहर की अपेक्षा एक अत्यन्त पिछड़े हुए सुविधा विहिन ग्रामीण क्षेत्र में स्थापित किया गया है। राज्यपाल ने कहा कि आज का दिन हर विद्यार्थी के जीवन का महत्वपूर्ण दिन होता है। यदि एक तरह से देखें तो दीक्षांत समारोह में उनके शैक्षणिक जीवन की समाप्ति हो रही है, वहीं दूसरे मायने में हम देखें तो उसके बाद एक नए जीवन की शुरूआत होगी। डिग्री प्राप्त करने के बाद विभिन क्षेत्रों में जाएंगे और जो अभी पुस्तकीय ज्ञान प्राप्त किया है, उसे क्रियान्वित करेंगे। हो सकता है कि यह पुस्तकीय ज्ञान कुछ काम आए, हो सकता है कि कुछ नया करने के लिए नए सिरे से भी शुरूआत करनी पड़े। वास्तव में पुस्तकीय ज्ञान ठोस ढांचा प्रदान करता है, लेकिन जो व्यावहारिक ज्ञान और संस्कार प्राप्त किया है, वही आगे बढ़ने में मदद करता है। राज्यपाल ने कहा कि आदिवासी भाईयों एवं बहनों के पास जो पारंपरिक ज्ञान, संस्कार एवं हुनर है वो किसी भी दृष्टिकोंण से पढ़े-लिखे व्यक्ति से कमतर नहीं है। इन्हें पाठ्यक्रम में शामिल करने और शोध करने की सतत् आवश्यकता है। वर्तमान समय की माँग के अनुसार विश्वविद्यालयों को आधुनिक ज्ञान विज्ञान और प्रौद्योगिकी का समावेश अपने पाठ्यक्रमों में करना चाहिए जिससे विद्यार्थियों को ज्ञान, संस्कार, कौशल में प्रवीणता के साथ बेहतर रोजगार प्राप्त हो सके। उन्होंने आशा व्यक्त करते हुए कहा कि आई.एस.बी.एम. विश्वविद्यालय से दीक्षित विद्यार्थीगण अपने लक्ष्य की प्राप्ति में अवश्य सफल होंगे और समाज एवं देश के विकास में अपनी भूमिका का सहीं निर्वहन करेंगे। विश्वविद्यालय से भी यह अपेक्षा है, कि इस अंचल में वनों, पर्वतों, झरनों, जड़ी-बूटियों और उपलब्ध प्रचुर खनिज सम्पदाओं के स्रोतों के विकास और उनका उचित दोहन करने हेतु शोध परियोजनाओं की परिकल्पना करने के साथ ही युवाओं में वैज्ञानिक सोच विकसित करने का मार्ग प्रशस्त करें। इस कार्यक्रम में पद्मश्री डॉ. ए.टी. दाबके और छत्तीसगढ़ निजी विश्वविद्यालय विनियामक आयोग के अध्यक्ष डॉ. शिववरण शुक्ल ने भी अपना संबोधन दिया। इस अवसर पर उच्च शिक्षा मंत्री श्री उमेश पटेल, कुलाधिपति श्री विनय अग्रवाल, प्रति कुलपति श्री आनंद महलवार, प्राध्यापकगण एवं विद्यार्थीगण उपस्थित थे

भाजपा,विधायक शिवरतन शर्मा ने 15 बैल गाड़ी,117 ट्रेक्टर के साथ किसानों की मांगों को लेकर राज्यपाल के नाम सौपा ज्ञापन

भाटापारा छत्तीसगढ़ में किसानों की मांगों को लेकर भाजपा का धरना भाटापारा विधायक, प्रदेश उपाध्यक्ष शिवरतन शर्मा के नेतृत्व में आज भाटापारा मंडी प्रांगण के सामने धरना प्रदर्शन हुआ..बैल गाड़ी में स्वयं चला कर विधायक शिवरतन शर्मा और ट्रैक्टर में कार्यकर्ताओं के लेकर धरनास्थल से शहर थाने पहुंचे पार्टी के प्रदेश उपाध्यक्ष, विधायक शिवरतन शर्मा ने कहा कि जिस तरह चुनाव के दौरान कांग्रेस सरकार ने कई बिंदुओं का घोषणा पत्र तैयार कर जनता को झांसे में लेकर पूर्णबहुमत से सरकार बनाई है वही सरकार के दो साल पूरे होते ही आमजन अपने आप को ठगा सा महशुस करने लगा है। कांग्रेस सरकार बनने के बाद न तो किसानों का धान तय सीमा में खरीदा गया, न ही किसानों को बोनस मिला और न ही किसानों का धान एक मुश्त पच्चीस सो रुपये में खरीदा गया। शर्मा ने कहा कि किसानों के लिए जो वादे किए थे, “शायद सरकार उन वादों को भूल चुकी है,, शर्मा ने सरकार की नीतियों को गिनाया इन्होंने बताया कि 15 सालो रमन सरकार में किसानों का स्तर किस स्थान में था और आज कांग्रेस सरकार में किसानों की क्या दशा है। आज किसानों को बारदाने के लिए कितनी मुस्किलो का सामना करना पड़ रहा है ,,भुपेश सरकार ने हर वर्ग को ठगा है पर किसानों के हित के लिए भारतीय जनता पार्टी आज विधानसभा स्तरीय कार्यक्रम हुआ है और 22 को जिला स्तरीय धरना कार्यक्रम किया जाएगा. भाजपा के जिला पदाधिकारी,सभी मंडल के पदाधिकारी, महिला मोर्चा,युवा मोर्चा,प्रकोष्ठ धरना स्थल पर भाटापारा में बुधवार दोपहर करीब 12.30 बजे से चल रहे इस धरने में जिला महामंत्री राकेश तिवारी, प्रदेश उपाध्यक्ष किसान मोर्चा अनिल पांडेय,जिलाध्यक्ष भाजयूमो आनंद यादव,जिला मंत्री महाबल बघेल,पूर्व जिलापंचायत अध्यक्ष पूनम मार्कण्डेय, पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष मोहन बांधे,मंडल अध्यक्ष डब्लू ठाकुर, धनीराम साहू,महामंत्री पवन वर्मा,रोशन साहू,योगेश अनन्त,गोपाल देवांगन, देवक साहू,मथुरा यदु, चंद्रमणि तिवारी,छोटे लाल यादव,कमलेश साहू,विधायक प्रतिनिधि धीरज जैन,आशिष जायसवाल, सूर्यकान्त ताम्रकार,सुरेश मिश्रा, राजीव शर्मा, परस देवांगन,चंद्रप्रकाश साहू, सियाराम साहू,हेम सिह चौहान,सुनील यदु,राजा कामनानी,रामु साहू, सतीश सोनी,जिलापंचायत शंकर ध्रुव,प्यारे रजक,बहोरिक यदु,आयशा खान,नीरा साहू,चन्द्रकला,पुरुषोत्तम यदु,सुनन्द मिश्रा, संजय शुक्ला,हारून,सुभम राजपूत, पिंटू,रिंकू,भरत डहरिया, गोवर्धन डहरिया,भाजपा नेता और कार्यकर्ता बड़ी संख्या में मौजूद थे।

भाटापारा: वेतन नहीं मिलने से पालिका परिसर में सफाईकर्मी ने लगाई फांसी

भाटापारा - भाटापारा नगर पालिका परिसर में एक सफाईकर्मी ने फांसी लगा ली. बाकी सफाईकर्मियों का आरोप है कि कई महीनों से वेतन नहीं मिलने से वह परेशान था. इसके साथ ही उन्हें प्रताड़ित भी किया जा रहा था. पुलिस मामले की जांच में जुट गई है. भाटापारा के नगर पालिका में कार्यरत नियमित सफाई कर्मचारी गणपत तंबोली ने पालिका भवन के छज्जे से निकले छड़ से लटककर खुदकुशी कर ली. गणपत के फांसी लगाने से भाटापारा नगर पालिका के सफाईकर्मचारियों में काफी नाराजगी देखी जा रही है. मृतक के परिजनों और सफाईकर्मियों का आरोप है कि समय पर कभी भी वेतन नहीं मिलने से वह परेशान था. पिछले 3 महीने से उसे वेतन नहीं मिला था. इसके साथ ही भत्ता और सामान देने जैसी भी कई समस्याएं थी. जो नहीं मिलने से सफाई कर्मचारियों को काफी मुश्किल हो रही थी. दूसरे सफाई कर्मियों ने आरोप लगाया है कि वेतन नहीं मिलने से परेशान सफाईकर्मी ने फांसी लगाकर खुदकुशी कर ली. मामले में सीएमओ का कहना है कि सफाईकर्मी ने फांसी क्यों लगाई इसकी कोई जानकारी नहीं है. सीएमओ का कहना है कि सफाईकर्मचारियों को समय से वेतन दिया जाता है. फिलहाल पुलिस ने शव कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी है.

भारतीय जनता पार्टी छत्तीसगढ़ प्रदेश सरकार की किसानों से किये वादाखिलाफी को लेकर भाटापारा में विधानसभा स्तरीय धरना प्रदर्शन आज

भाटापारा-देश की सबसे बड़ी राष्ट्रीय पार्टी भारतीय जनता पार्टी ने छत्तीसगढ़ प्रदेश सरकार की किसानों से किये वादाखिलाफी को लेकर विधानसभा स्तरीय धरना प्रदर्शन 13 जनवरी को विशाल रूप से करने की रूपरेखा तय की है,जिसके तहत भाटापारा विधानसभा स्तरीय धरना प्रदर्शन का आयोजन 13 जनवरी 2021 दिन बुधवार को मंडी प्रांगण भाटापारा के सामने दोपहर 12 बजे किया जाना है,,.. विधानसभा स्तरीय धरना प्रदर्शन को लेकर भाटापारा विधायक,उपाध्यक्ष भाजपा शिवरतन शर्मा ने बताया कि राज्य की सरकार ने किसानों के साथ वादाखिलाफी की है, चुनाव के दौरान किसानों के लिए जो वादे किए थे, “शायद सरकार उन वादों को भूल चुकी है,, शर्मा ने सरकार की नीतियों को गिनाया इन्होंने बताया कि 15 सालो रमन सरकार में किसानों का स्तर किस स्थान में था और आज कांग्रेस सरकार में किसानों की क्या दशा है। भाजपा ने किसानों की दुर्दशा देखी और जिला स्तर व विधानसभा स्तर पर किसानों की समस्याओं को लेकर विशाल धरना कार्यक्रम करने की तैयारी की है। शर्मा ने कहा कि राज्य की कांग्रेस सरकार किसानों को शोषित करने का काम कर रही है।इसलिए किसानों के हित मे भाजपा का एक दिवसीय धरना कार्यक्रम 13 जनवरी को भाटापारा मंडी के सामने दोपहर 12 बजे विशाल रूप से किया जाएगा।जिस तरह चुनाव के दौरान कांग्रेस सरकार ने कई बिंदुओं का घोषणा पत्र तैयार कर जनता को झांसे में लेकर पूर्णबहुमत से सरकार बनाई है वही सरकार के दो साल पूरे होते ही आमजन अपने आप को ठगा सा महशुस करने लगा है।कांग्रेस सरकार बनने के बाद न तो किसानों का धान तय सीमा में खरीदा गया, न ही किसानों को बोनस मिला और न ही किसानों का धान एक मुश्त पच्चीस सो रुपये में खरीदा गया। राज्य में माननीय डॉ रमन सिंह की सरकार के दौरान 01 नवंबर या 15 नवम्बर से धान खरीदी शुरू हो जाती थी।

हड़ताल के 18 वें दिन से सचिव संघ मालखरौदा के सचिव बैठे भूख हड़ताल पर....

मालखरौदा / सचिव संघ एवं रोजगार सहायक संघ द्वारा लगातार हड़ताल जारी है और अपने एक सूत्रीय मांग को लेकर लगातार नए नए प्रदर्शन कर रहे हैं इसी कड़ी में आज हड़ताल के 18 वें दिन से सचिव संघ जनपद पंचायत मालखरौदा के समस्त सचिव एवं समस्त रोजगार सहायक के द्वारा आज छत्तीसगढ़ सरकार को गहरे नींद से जगाने एवं विरोध प्रदर्शन के लिए समस्त सचिव 12/01/2021 से 20/01/2021 को भूख हड़ताल पर बैठ गए हैं। जिसमे क्षेत्र के समस्त सचिव एवं रोजगार सहायक ने बढ़ चढ़ कर भाग लिया है और सभी सरकार के विरोध में प्रदर्शन के लिए डटे हुए हैं।

प्रदेश स्तर में राजधानी पर हड़ताल करने की तैयारी

प्रदेश सचिव संघ ब्लाक इकाई मालखरौदा के सचिवों से बात करने पर उन्होंने कहा कि 21/01/2021 से प्रदेश सचिव संघ के प्रांतीय आव्हान पर समस्त सचिव साथी राजधानी रायपुर में प्रदेश स्तर पर भव्य रूप से हड़ताल करेंगे जिसमे समस्त ब्लाक से सचिव साथी बढ़ चढ़ कर भाग लेने के लिए अपने अपने ब्लाक से रवाना होंगे ।

छत्तीसगढ़ राज्य महिला आयोग की 13 जनवरी को महासमुंद और 14 जनवरी को गरियाबंद में सुनवाई

रायपुर, जनवरी 2021

छत्तीसगढ़ राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष डॉ. श्रीमती किरणमयी नायक 13 जनवरी को महासमुंद और 14 जनवरी को गरियाबंद जिले में महिला उत्पीड़न से संबंधित प्रकरणों की सुनवाई करेंगी। डॉ. नायक 13 जनवरी 2021 को रायपुर से प्रस्थान कर सुबह 10.30 बजे महासमुन्द पहुंचेंगी। इसके बाद डॉ. नायक कलेक्टर सभाकक्ष में महासमुन्द जिले से प्राप्त आवेदनों एवं प्रकरणों की सुनवाई करेंगी। सुनवाई पश्चात् वे शाम 6.30 बजे विश्राम गृह में नागरिकों से मुलाकात करेंगी तथा शाम 7 बजे राजधानी रायपुर के लिए प्रस्थान करेंगी।

इसी तरह डॉ. नायक 14 जनवरी को रायपुर से प्रस्थान कर सुबह 10.30 बजे गरियाबंद पहुंचेंगी। तत्पश्चात कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में प्राप्त प्रकरणों की सुनवाई करेंगी। सुनवाई पश्चात शाम 06 बजे विश्राम गृह में आमजनों से मुलाकात करेंगी। वे शाम 07 बजे कार द्वारा गरियाबंद से रायपुर प्रस्थान करेंगी।

अठोरिया यादव समाज की बैठक में हुआ महत्वपूर्ण निर्णय सभी .......

राधा कृष्ण मंदिर पामगढ़ आयोजित बैठक में उपस्थित सदस्यों ने यादव के सभी उपवर्गों में रोटी बेटी विवाह की स्वीकृति दी सभी की सहमति उपरांत सुनील यादव प्रदेश अध्यक्ष ने इस प्रस्ताव को मानते हुए घोषणा की यादवो के सभी यादव उपवर्गों में रोटी बेटी विवाह को हमारी सहमति व स्वीकृति होगी। जल्द ही आयोजित होने वाले यादवो के युवक युवती परिचय सम्मेलन जिसमे 30 जनवरी 2021 को रायपुर व 7 फरवरी 2021 को बिलासपुर में होने जा रहे में बढ़ चढ़कर अपनी भागीदारी करने हेतु सभी यादवो से अपील की है। आज आयोजित बैठक में प्रमुख रूप से संरक्षक श्री तेरस यादव सरपंच ग्राम पंचायत पामगढ़ मनोज यादव सचिव जितेंद्र यादव प्रवक्ता सतीश यादव कोषाध्यक्ष राजेन्द्र यादव सहसचिव लक्ष्मण यादव कार्यकारिणी सदस्य भरत यादव गणेश यादव समाज सरंक्षक देवेंद्र यादव रघु यादव फिरत यादव भरत यादव के साथ अन्य सदस्यगण उपस्थित रहे।
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