राजनीति

प्रदीप बने अकलतरा ग्रामीण के मण्डल अध्यक्ष

कोटमी सोनार।भारतीय जनता पार्टी जांजगीर-चांपा जिला अध्यक्ष श्री कृष्णकांत चंद्रा व अकलतरा विधायक सौरभ सिंह व भाजपा प्रदेश प्रतिनिधि दिनेश सिंह की अनुशंसा पर भाजपा अकलतरा ग्रामीण मंडल के मंडल अध्यक्ष सहित कार्यकारिणी की घोषणा की है, जिसमें पूर्व जिला पंचायत सदस्य श्री प्रदीप सोनी को अकलतरा ग्रामीण मंडल का नवनियुक्त अध्यक्ष नियुक्त किया गया है,प्रदीप सोनी पूर्व में ग्राम कोटमी सोनार के सरपंच रहे है व वर्तमान में सेवा सहकारी समिति के अध्यक्ष है,इनके अतिरिक्त महामंत्री पद पर प्रेमसागर कश्यप, प्रकाश कामले उपाध्यक्ष - सुशील चौबे, कल्याणी साहू,कौशल खांडे,जय नारायण कुम्भकार मंत्री - प्रकाश धीवर,प्रभा सिंह,सुकाल उइके,विजय पटेल,विनोद निर्मलकर को मनोनीत किया गया है,मण्डल अध्यक्ष बनाये जाने पर प्रदीप सोनी में आभार प्रकट करते हुए कहा कि मेरा मूल उद्देश्य भारतीय जनता पार्टी के रीति नीति को जन जन तक पहुचाना है व आगामी समय मे क्षेत्र में भाजपा की मजबूती के लिए कार्य करना है , प्रदीप सोनी के मण्डल अध्यक्ष नियुक्त किये जाने से ग्रामीण अंचल के कार्यकर्ताओं में हर्ष व्याप्त है।

भाजपा दशको तक विपक्ष की सकारात्मक भूमिका निभाये: लखेश्वर बघेल

Danteshwar kumar ( chintu) जगदलपुर । भाजपा द्वारा विष्णु देव साय की नियुक्ति के बाद मिशन 2023 के बड़े-बड़े दावों पर तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुये बस्तर विधायक और बस्तर विकास प्राधिकरण के अध्यक्ष लखेश्वर बघेल ने कहा है कि 2023 को लेकर भाजपा के किये गये तमाम दावो को छत्तीसगढ़ का जनमानस और कांग्रेस खारिज करती है। बस्तर विकास प्राधिकरण के अध्यक्ष लखेश्वर बघेल ने कहा है कि 15 साल भाजपा ने छत्तीसगढ़ में लूट, फरेब और कुशासन की राजनीति और जमकर भ्रष्टाचार और कमीशनखोरी की है। 15 साल तक किसान कर्ज के बोझ में दबकर आत्महत्या करते रहे। जब भाजपा का 2100 रू. समर्थन मूल्य और 300 रू.का बोनस 5 साल तक नहीं मिला तो भाजपा के बड़े-बड़े दावे और उन खोखले वादों की हकीकत को छत्तीसगढ़ की जनता ने समझ बूझकर, भाजपा को 15 साल के शासनकाल के बाद 15 सीटें देकर विपक्ष में बैठने का जनादेश दिया है। भाजपा कई दशकों तक विपक्ष की सकारात्मक भूमिका निभाये यही छत्तीसगढ़ का जनादेश है। कांग्रेस की सरकार बनने के बाद छत्तीसगढ़ में किसान, मजदूर सुखी और खुशहाल हैं। किसानों को धान का दाम 2500 रू. कांग्रेस ने दिया है,किसानों की कर्जमाफी की है। तमाम आर्थिक कठिनाईयों के बावजूद किसानों को राजीव गांधी न्याय योजना के तहत 5700 करोड़ देने का फैसला लिया गया और 1600 करोड़, दिये गये। बस्तर विकास प्राधिकरण के अध्यक्ष लखेश्वर बघेल ने कहा है कि छत्तीसगढ़ में मजदूरों को मनरेगा में देश में सबसे ज्यादा काम मिल रहा है। किसान, मजदूरों की तरक्की के साथ-साथ छत्तीसगढ़ का व्यापार, व्यवसाय भी तरक्की कर रहा है।छत्तीसगढ़ में मुख्यमंत्री भूपेश बघेल की सरकार ने कोरोना पर प्रभावी नियंत्रण किया है। छत्तीसगढ़ में तो क्वारेंटाईन सेंटर पूरी तरीके से गांवों की व्यवस्था में बनाये गये है। गांव के स्कूलों में बनायें गये है। छत्तीसगढ़ में तो परंपरा है कि बारात भी आती है तो बारात को भी स्कूल में रूकाया जाता है। क्वारेंटाईन सेंटर में गांव के लोग व्यवस्था करते है, क्वारेंटाइन सेंटरों में जो लोग है, उन्हीं के गांव के बेटे है ये लोग जो कमाने खाने बाहर गये थे। क्वारेंटाइन सेंटरों में अव्यवस्था के विपक्ष के आरोप पूरी तरीके से असत्य है, निराधार है, स्तरहीन राजनीति के कारण लगाये जा रहे है। बस्तर विकास प्राधिकरण के अध्यक्ष लखेश्वर बघेल ने कहा है कि मुख्यमंत्री भूपेश बघेल को देश में अच्छे मुख्यमंत्रियों में टाॅप-2 में स्थान मिलने पर पूरे छत्तीसगढ़ वासियों में उत्साह है। प्रदेश की जनता भी अपने लाडले मुख्यमंत्री को बधाई देना चाहती है। लेकिन कोरोना के कारण सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करने के कारण यह नहीं किया गया। इसके विपरीत भाजपा को प्रदेश में विपक्ष की भूमिका निभाने के लिए जनता ने चुना है और आशा है कि वह विपक्ष की सकारात्मक भूमिका निभाएगी।

नेवई व स्टेशन मरोदा की भूमि, भिलाई इस्पात संयंत्र से राज्य शासन को हस्तांतरित करने की केंद्रीय इस्पात मंत्री से मांग

प्रवीण मिर्जे, भिलाई,(छत्तीसगढ़)।

गृह मंत्री ताम्रध्वज साहू ने केन्द्रीय इस्पात मंत्री धर्मेन्द्र प्रधान को पत्र लिखकर उनसे दुर्ग जिले की रिसाली नगर निगम अंतर्गत नेवई एवं स्टेशन मरोदा की भूमि भिलाई इस्पात संयंत्र से राज्य शासन को हस्तांतरित करने का आग्रह किया है। गृह मंत्री साहू ने इस संबंध में क्षेत्रवासियों द्वारा उन्हें दिए गए पत्र में उल्लेखित संदर्भ की जानकारी देते हुए लिखा है कि अविभाजित मध्यप्रदेश के समय वर्ष 1998 में जनता की मांग पर शासन एवं बीएसपी प्रबंधन की बैठक उपरांत निर्णय लिया गया था कि जितने क्षेत्रफल में लोग निवासरत है, उन बस्तियों को भिलाई इस्पात संयंत्र राज्य शासन को हस्तांतरित कर देगा। इस निर्णय के पालन में भिलाई इस्पात संयंत्र की आधिपत्य भूमि में निवासरत जोरातराई, डुण्डेरा, पुरैना, रूआबांधा, मरोदा टैंक, स्टेशन मरोदा एवं नेवई बस्ती में पट्टा वितरण हेतु सर्वे किया गया, किन्तु विवाद उत्पन्न होने के कारण नेवई एवं स्टेशन मरोदा के निवासियों को इस योजना से वंचित होना पड़ा।

गृह मंत्री साहू ने केन्द्रीय इस्पात मंत्री प्रधान से क्षेत्रवासियों की मांग अनुरूप इस लंबित प्रकरण का निराकरण करने तथा भिलाई इस्पात संयंत्र की भूमि को राज्य शासन को हस्तांतरित करने के लिए संबंधित अधिकारियों को निर्देशित करने का आग्रह किया है।

उसूर सड़क की नींव भाजपा शासनकाल का वाहवाही लूट रही है कांग्रेस- श्रीनिवास मुदलियार

Danteshwar kumar ( chintu) बीजापुर: जिले के उसूर सड़क की नींव भाजपा शासनकाल में रखी गई थी । पूर्व मंत्री व क्षेत्रिय विधायक महेश गागड़ा के अथक प्रयास से उसूर जाने वाली पक्की सड़क निर्माण कार्य का स्वीकृति की गई तथा भाजपा शासनकाल में ही इसका कार्य प्रारंभ हुई,जिसका भूमि पूजन महेश गागडा एवं तत्कालीन जिला कलेक्टर द्वारा की गई, परंतु सरकार बदली कांग्रेस सत्ता में आई,पश्चात उसके भाजपा शासन काल के जितने भी जिले के लिए विकास योजनाएँ बनाई जो निर्माणाधीन थे। उन्हें कांग्रेस सरकार द्वारा रोक लगाकर सभी विकास योजनाओं की राशि वापिस बुला लिया गया है। जिससे कांग्रेस की विकास विरोधी नीति स्पष्ट रूप से परिलक्षित होता है । भाजपा शासनकाल के कार्यों को रोक लगा कर पुनःउन्हीं कार्यों को अमलीजामा पहनाने का काम कर भाजपा के विकास कार्यों को अपना बताकर कांग्रेस पार्टी व विधायक वाहवाही लूटने का भरसक प्रयास कर रहे हैं जनता इनकी नीति को समझ चुकी है। क्षेत्र के विधायक का कार्यकाल लगभग 2 वर्ष होने को है उपलब्धियां शून्य है।विधायक महोदय का मैं ध्यान आकर्षण करना चाहूंगा भाजपा सरकार के समय के केवल उसूर सड़क ही नही ,NH से पिनकोंडा पिनकोंडा से गंगालूर,और पटनम से मट्टीमरका सड़क एवं गंगालूर से पालनार ,फरसेगढ़ से सागमेटला सड़कों को भी शीघ्र पूर्ण करवायें।लोकतांत्रिक व्यवस्था अंतर्गत सरकारें बदलती रहती है ।पर इस क्षेत्र के लिए विकास की सोच नही बदलनी चाहिए ।भाजपा की सरकार में .महेश गागडा बीजापुर जिले का जिस गति से विकास किये उसी गति से विकास हो हम सबकी अपेक्षाएं भी है।पूर्व मंत्री महेश गागड़ा कभी फ़ोटो सेशन पर विश्वास नही किये केवल और केवल धरातल पर विकास कैसे हो इसकी चिंता हमेशा किये जिसका परिणाम आज हम सबके सामने एक विकासशील चमचमाती सड़कों से परिपूर्ण बीजापुर के रूप में है। वर्तमान विधायक इस जिले को लेकर ना ही गंभीर हैं और ना ही अब तक जिले के विकास के लिए कोई रोडमैप तैयार किए हैं। वर्ष 2003 से पूर्व छत्तीसगढ़ राज्य की स्थिति काफी दयनीय था ।पूरे प्रदेश में शिक्षा की बदहाली व्यवस्था थी जर्जर भवने ,स्वास्थ्य के क्षेत्र में काफी अव्यवस्थाएं एवं पूरे प्रदेश में गड्ढे भरे सड़कें थी ।छत्तीसगढ़ प्रदेश की पहचान एक कुपोषित बीमारू व पलायनवादी राज्य के रूप में थी ।किंतु विगत 15 वर्ष 2003 से भाजपा की सरकार जो डॉ.रमन सिंह के कुशल नेतृत्व में गाँव, गरीब,वंचित,शोषित,एवं पीड़ितों को ध्यान में रखकर अंत्योदय लक्ष्य को लेकर निरंतर आगे बढ़ते हुए छत्तीसगढ़ राज्य को देश मे अग्रणी राज्यों में नम्बर 1 का दर्जा दिलाया । वंही महेश गागड़ा जी पूर्व मंत्रीजी छ. ग शासन के कुशल नेतृत्व में बीजापुर जिले का अभूतपूर्व विकास करते हुए,शिक्षा के क्षेत्र में स्वास्थ्य के क्षेत्र में तथा सम्पूर्ण बीजापुर जिले में सड़कों व पूल पुलियों का जाल बिछाने का कार्य कर बीजापुर को पूरे प्रदेश में अग्रणी जिले के रूप में परिभाषित किया ।ये सब पूर्व मंत्री महेश गागडा के विकासवादी सोच का ही परिणाम है ।इससे जिले के प्रति गागडा जी का विकास के प्रति कटिबद्धता एवं उनकी संवेदनशीलता स्पष्ट है ।कांग्रेस के it cell के माध्यम से जारी बयान के अध्ययन से ऐसा प्रतीत होता है ,कि इनके पास कोई जानकारी नहीं है, जानकारी के अभाव से ग्रसित मानसिकता से पीड़ित होकर लोगों को भाजपा शासन काल में प्रारम्भ उसूर सड़क निर्माण कार्य को अपना बता कर भाजपा जिलाध्यक्ष विरोध करना कहकर लोगों को भ्रमित करने का प्रयास किया जा रहा है। लेकिन जनता जान चुकी है इनको और इनकी कार्यशैली को उसूर वासियों को इस बात का ज्ञात है ,कि भाजपा सरकार ने हीं सड़क निर्माण कार्य प्रारंभ किया भाजपा के विकासवाद नीति को अपना बता कर सस्ती लोकप्रियता हासिल करने की कोशिश की जा रही है। सरकार बदलने के कारण भाजपा शासनकाल में कार्य पूर्ण नहीं हो पाया ,इसी का परिणाम तारलागुड़ा सड़क मार्ग का भी डामरीकरण कार्य रुक गया था ,परंतु ये सरकार आने के बाद तारलागुड़ा मार्ग का डामरीकरण कार्य भी रुका हुआ है। कांग्रेस के विधायक व जिला प्रशासन से भाजपा मांग करती है कि शीघ्र ही तारलागुड़ा मार्ग का पूर्ण गुणवत्ता से डामर युक्त सड़क का निर्माण कार्य करवाया जाए।और उसूर सड़क पूर्ण गुणवत्ता से बने।क्योंकि कांग्रेस की सरकार आने के बाद भ्रष्टाचार चरम सीमा पर पहुंच गई ।जिसका शिकार उसूर सड़क न हो तो बेहतर होगा ।सड़क गुणवत्ताहीन होगी तो भाजपा इसका घोर विरोध करेगी । रही बात भाजपा शासनकाल के कार्य को ही प्रारंभ कर बधाई के पात्र बनना चाह रहे हैं। अगर ऐसे ही बधाई देना होता तो पूर्व मंत्री माननीय महेश गागड़ा जी के पास जिस तरह उनके 10 वर्ष के कार्यकाल में विकास कर बीजापुर जिले का तस्वीर बदलने का काम किया, उनके पास बधाइयों का तांता लग जाता महत्त्व बधाई का नहीं यँहा जिले के प्रति गंभीरता पूर्वक चिंतन कर विकासवादी सोच के साथ कार्ययोजना बना कर जिले का विकास करने का प्रयास हो।झूठी व सस्ती लोकप्रियता से क्षेत्र की विकास की परिकल्पना नही की जा सकती ।

लंबे समय बाद अब दुर्ग और भिलाई कांग्रेस कमिटी के बीच का सीमा विवाद सुलझा, जारी हुआ कार्यालयीन आदेश ।

भिलाई, (प्रवीण मिर्जे) 2-6-2020,

कांग्रेस के संघात्मक गतिविधियों में कसावट के लिए दुर्ग जिला ग्रामीण कांग्रेस को विभाजित कर नया भिलाई शहर जिला बनाया गया है । कांग्रेस के प्रदेश आलाकमान द्वारा अपने इन जिला इकाइयों के कार्यक्षेत्र का बंटवारा भी कर दिया गया है । इसके तहत दुर्ग ग्रामीण जिला कांग्रेस और भिलाई शहर जिला कांग्रेस के बीच 14 ब्लॉकों में से 7-7 ब्लॉको का बटवारा किया गया हैं। जिला इकाइयों के बीच ब्लॉकों के बंटवारे के संबंध में प्रदेश कांग्रेस कमेटी की ओर से पत्र जारी किया गया है। प्रदेश आलाकमान द्वारा लंबे समय की मांग को देखते हुए करीब 6 माह पहले की जिला कांग्रेसी इकाई का विभाजन करते हुए नए भिलाई शहर कांग्रेस का निर्माण का ऐलान कर दिया था। करीब ढाई माह पहले भी विभाजन के अनुसार दोनों इकाइयों के लिए अलग-अलग अध्यक्षों की नियुक्ति भी कर दी गई थी।

इसके तहत पुराने दुर्ग जिला अध्यक्ष तुलसी साहू को नवगठित भिलाई शहर जिला कांग्रेस का कमान दिया गया। ग्रामीण के अध्यक्ष निर्मल को बनाया गया है। तब किसी किस जिले में कौन-कौन से ब्लॉक आएंगे यह तय नहीं किया गया था। जिला कांग्रेस कमेटी दुर्ग ग्रामीण

दुर्ग ग्रामीण, धमधा, पाटन, भिलाई चरोदा, कुम्हारी , अहिवारा और जामुल को शामिल किया गया।

शहर जिला कांग्रेस कमेटी भिलाई

भिलाई ब्लॉक 1, भिलाई ब्लॉक 2 भिलाई ब्लॉक 3, भिलाई ब्लॉक-4, भिलाई ब्लॉक-5, भिलाई ब्लॉक 6 (रिसाली), कोसा नाला सुपेला रिसाली शहर को भिलाई नगर में शामिल किया गया।

पूर्व में प्रदेश आलाकमान की ओर से जारी ब्लॉकों के बंटवारे से संबंधित परिपत्र में भिलाई शहर का हिस्सा भिलाई ब्लॉक नंबर 6 रिसाली को दुर्ग ग्रामीण में रखा गया था। मगर आज दोबारा प्रदेश आलाकमान के द्वारा परिपत्र जारी कर अपने पूर्व के आदेश को बदल कर रिसाली शहर के सभी 40 वार्डों को भिलाई नगर शहर कांग्रेस कमेटी भिलाई में शामिल किया गया।

क्षेत्रीय विधायक के सौजन्य से थाना भैरमगढ़ में आवश्यक सामग्री वितरित- बीजापुर

बीजापुर : क्षेत्रीय विधायक एवं बस्तर विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष विक्रम मंडावी के सौजन्य से आज बीजापुर जिले के थाना भैरमगढ़ के लिए पंखा एवं मनोरंजन के लिए एल ई डी दिया गया। ज्ञात हो कि इससे पहले भी विधायक के सौजन्य से पुलिस आवासीय परिसर में सी. सी. रोड का निर्माण तथा पानी की समस्या को देखते हुए बोर की व्यवस्था भी करवाया गया था। वही इस अवसर पर भैरमगढ़ पुलिस विभाग के अधिकारी व कर्मचारियों ने क्षेत्रीय विधायक को धन्यवाद ज्ञापित किया है।

प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष मोहन मरकाम ने लगाया आरोप कहा : मोदी जी की घोषणा के पैसे किसी को मिलते नहीं

Danteshwar kumar ( chintu)

जगदलपुर। मोदी सरकार के 20 लाख करोड़ के पैकेज की घोषणा पर भाजपा नेताओं की बड़ी बड़ी घोषणाओं पर तीखा प्रहार करते हुए प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष मोहन मरकाम ने कहा है कि मोदी जी की 20 लाख करोड़ की घोषणा और वित्तमंत्री  निर्मला सीतारमण की पांच पांच धारावाहिक सीरियल पत्रकार वार्ताओं के बाद भी देश के किसी भी वर्ग किसान, मजदूर,छोटे व्यापारी को पता नहीं चल पाया है कि उसे मिला क्या है।

प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष मोहन मरकाम ने कहा है कि  5-5  पत्रकार वार्ताओं के बाद देश को एक अनुवादक मंत्री और एक लोन मंत्री के अलावा कुछ नहीं मिला है। कांग्रेस, डॉक्टर रमन सिंह को चुनौती देती है कि वह एक पत्रकार वार्ता और ले और यह बताएं कि छत्तीसगढ़ में 20 लाख करोड़ में किसको कितना मिलेगा। मोदी जी घोषणा तो लाखों, करोड़ों और अरबों की करते हैं लेकिन पैसे किसी को मिलते नहीं । किसान सम्मान निधि की हकीकत को भी बेनकाब करते हुए कांग्रेस ने कहा है कि देश में 44% किसान सम्मान निधि के दायरे से बाहर है यह किसानों का सम्मान है या अपमान यह रमन सिंह जी को बताना चाहिए। कोरोना से निपटने से लेकर अर्थव्यवस्था तक हर मामले में मोदी सरकार विफल साबित हुयी है। पूरा देश आज नोटबंदी एवं गलत तरीके से जीएसटी लागू करने की गलती को भुगत रहा है और अर्थव्यवस्था मांग की बड़ी भारी कमी से जूझ रही है और जिस तरह से सरकार ने 20 लाख करोड़ के जुमले की घोषणा की है, उससे मांग की सृजन की कोई उम्मीद भी नहीं है। आंकड़ों से ये बात स्पष्ट हो गई है कि कोरोना संक्रमण के फैलने के पूर्व ही अर्थव्यवस्था स्लोडाउन फेज में थी।

प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष मोहन मरकाम ने केंद्र सरकार से इनसवालों का जवाब मांगा हैपिछले 4 साल से लगातार गिरती जीडीपी का जिम्मेवार कौन है? बड़े विज्ञापनों के बावजूद मेक* इन इंडिया स्कीम धराशायी क्यों हुई?20 लाख करोड़ के पैकेज गरीबों, मध्यमवर्ग, किसान, मजदूर, छोटे व्यापारी, निजी नौकरी करने वालों किसी को भी क्यों कुछ नहीं मिला?

प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष मोहन मरकाम ने कहा है कि कोरोना की गंभीर चुनौती के लिए समय पर तैयारी कर पाने में भी मोदी सरकार विफल रही। समय पर विमानतलों में स्क्रीनिंग नहीं की गयी जिसका परिणाम पूरा देश भुगत रहा है।

कांग्रेस ने लगाया आरोप : मोदी सरकार 2.0 का पहला एक साल विफलता और नाकामी का काला अध्याय पिछले 11 सालों की न्यूनतम और पिछले 44 तिमाही की न्यूनतम जीडीपी विकास दर

रायपुर/BBN24NEWS। मोदी सरकार के 2.0 के पहले एक साल को विफलता और नाकामी का काला अध्याय निरूपित करते हुए प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष मोहन मरकाम ने कहा है कि कोरोना से निपटने से लेकर अर्थव्यवस्था तक हर मामले में मोदी सरकार विफल साबित हुयी है। मोहन मरकाम ने कहा है कि 40 करोड़ भारतीयों के गरीबी रेखा के नीचे जाने की स्थिति बनने के लिए मोदी सरकार 2.0 का पहला साल जिम्मेदार है। साम्प्रदायिक दंगे भड़कने और नागरिकता के काले कानून के लिए मोदी जी के इस एक वर्ष को याद किया जायेगा। महाराष्ट्र बंद दिल्ली और हरियाणा के चुनावों में भाजपा की हार हुयी। हरियाणा में भाजपा अनैतिक गठबंधन करके सरकार बना पायी। यातायात का काला कानून लाया गया जिसमें भारी भरकम जुर्माने का प्रावधान है। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष मोहन मरकाम ने कहा है कि पूरा देश आज नोटबंदी एवं गलत तरीके से जीएसटी लागू करने की गलती को भुगत रहा है और अर्थव्यवस्था मांग की बड़ी भारी कमी से जूझ रही है और जिस तरह से सरकार ने 20 लाख करोड़ के जुमले की घोषणा की है, उससे मांग की सृजन की कोई उम्मीद भी नहीं है। आंकड़ों से ये बात स्पष्ट हो गई है कि कोरोना संक्रमण के फैलने के पूर्व ही अर्थव्यवस्था स्लोडाउन फेज में थी। जिस तिमाही के आंकड़े आये हैं उसमें लाकडाउन सिर्फ एक हफ्ता ही था।

प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष मोहन मरकाम ने केंद्र सरकार से इन सवालों का जवाब मांगा है।

-पिछले 4 साल से लगातार गिरती जीडीपी का जिम्मेवार कौन है?

-बड़े विज्ञापनों के बावजूद मेक इन इंडिया स्कीम धराशायी क्यों हुई?

-20 लाख करोड़ के पैकेज गरीबों, मध्यमवर्ग, किसान, मजदूर, छोटे व्यापारी, निजी नौकरी करने वालों किसी को भी क्यों कुछ नहीं मिला?

प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष मोहन मरकाम ने मांग की है कि अब मोदी सरकार अपनी नोटबंदी और गलत तरीके से जीएसटी लागू करने की विफलता को देश के सामने स्वीकार करे। मोहन मरकाम ने कहा है कि कोरोना की गंभीर चुनौती के लिए समय पर तैयारी कर पाने में भी मोदी सरकार विफल रही। समय पर विमानतलों में स्क्रीनिंग नहीं की गयी जिसका परिणाम पूरा देश भुगत रहा है। 30 जनवरी को पहला कोरोना का मामला आने के बाद भी 24 फरवरी को गुजरात में लाखों लोगों को इकट्ठा कर नमस्ते ट्रम्प किया गया परिणामस्वरूप आज गुजरात कोरोना से बेहाल है 15500 से अधिक लोग संक्रमित हुए हैं और गुजरात से पूरे देश में गये श्रमिक कोरोना संक्रमण से प्रभावित पाये जा रहे हैं। देश में भी कोरोना पर रोक लगाने में समय पर फैसला मोदी सरकार नहीं कर पायी क्योंकि भाजपा मध्यप्रदेश की निर्वाचित सरकार को गिराने में लगी रही और 23 को भाजपा के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह के मध्यप्रदेश में शपथ लेने के बाद 24 मार्च से लाकडाउन किया गया। आज मध्यप्रदेश में 7500 से अधिक कोरोना मरीज हैं। थाली बजाकर, घंटा बजाकर, लाइट बुझाकर, दिया जलाकर कोरोना महामारी से लड़ने जैसे मोदी सरकार के खोखले उपायों का ही परिणाम है कि आज देश में कोरोना प्रभावितों की संख्या एक लाख सत्तर हजार से अधिक होने जा रही है।

अर्थव्यवस्था की हकीकत बयान करते आंकड़े

वित्तीय वर्ष 2020 की जीडीपी विकास दर- केंद्र सरकार ने वित्तीय वर्ष 2020 की चौथी तिमाही एवं पूरे वर्ष की जीडीपी विकास दर की घोषणा की, वित्तीय वर्ष 2020 की जीडीपी विकास दर 4.2 प्रतिशत रही एवं चौथी तिमाही की और वित्तीय वर्ष 2020 की विकास दर 3.1 प्रतिशत रही। जिस तरह से सरकार ने वित्तीय वर्ष 2020 की क्वार्टर 1, क्वार्टर 2 और क्वार्टर 3 की जीडीपी विकास दर को रिवाईज किया है, उससे तो यही लगता है कि आज घोषित चौथे क्वार्टर की विकास दर भी कुछ समय बाद रिवाईज होकर 3.1 प्रतिशत से 2.2 प्रतिशत रह जाएगी, जो कि ज्यादातर अर्थशास्त्री और एक्सपर्ट मान रहे थे। ये जीडीपी विकास दर पिछले 11 सालों की न्यूनतम और पिछले 44 तिमाही की न्यूनतम विकास दर है।

आर्थिक मामले में ट्रिलियन इकानॉमी की बात करने वाली मोदी सरकार की अर्थव्यवस्था की चिंताजनक बातों को उजागर करते हुए प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष मोहन मरकाम ने कहा है कि-

-1.4 (माईनस 1 प्वाइंट 4) प्रतिशत की मैन्यूफेक्चरिंग ग्रोथ ये स्पष्टतया दर्शाती है कि अर्थव्यवस्था पूरी तरह से चौपट हो चुकी है। 2020 की मैन्यूफेक्चरिंग विकास दर 0 प्रतिशत ने सरकार के मेक इन इंडिया प्रोग्राम की पूरी पोल खोल दी। फैक्ट्री आउटपुट का -16 प्रतिशत पर पहुंचना स्पष्टतया एमएसएमई सेक्टर की व्यथा को बयान करता है और किस तरह इस सेक्टर से रोजगार के अवसर खत्म हुए, उसकी कहानी बताता है।

-0.6 (माईनस 0 प्वाइंट 6) प्रतिशत की औद्योगिक विकास दर स्पष्टतया ये दर्शाती है कि समस्या इकोनॉमी के सारे सेक्टर में है।

क्वार्टर ऑन क्वार्टर जिस तरह से सर्विस सेक्टर नीचे गिरता जा रहा है, जो कि किसी समय में भारतीय अर्थव्यवस्था की शान हुआ करता था, स्पष्टतया सरकार की गलत नीतियों एवं अपेक्षा की ओर, और लगातार अपेक्षा का चिन्हित करता है। -2.2 (माईनस 2 प्वाइंट 2) प्रतिशत की विकास दर कंस्ट्रक्शन सेक्टर में स्पष्टतया ये दर्शाती है कि लॉकडाउन के अनाउंसमेंट के पहले ही प्रवासी मजदूरों एवं कामगारों के मध्य़ भयानक बेरोजगारी उपस्थित थी।

किसान न्याय योजना को लेकर विवाद..नेता प्रतिपक्ष को मिले 25 हज़ार....एक बार फिर काँग्रेस पर ओछी राजनीति का आरोप।

सीएम राहत कोष में पैसा जमा करने का सुझाव..! 
नेता प्रतिपक्ष ने पूछा-आप ही बताएं क्या करें.? 

छत्तीसगढ़ के नेता प्रतिपक्ष धरमलाल कौशिक को किसान न्याय योजना के तहत ₹25000 मिले हैं। ऐसे में कांग्रेस की उस सवाल के जवाब में,  जिसमें कहा गया कि, बीजेपी के नेता अपने पैसे मुख्यमंत्री राहत कोष में दान कर सकते हैं..., नेता प्रतिपक्ष ने चुटकी लेते हुए पत्रकारों से ही पूछा है कि,  आप ही बताएं  इस पैसे का वे क्या करें..?  इतना ही नहीं नेता प्रतिपक्ष ने कांग्रेस पार्टी पर एक बार फिर ओछी राजनीति करने का आरोप लगाया है।  साथ ही यह भी स्पष्ट किया है की, अगर भाजपा शासनकाल में इन कांग्रेसियों ने पैसे ना लिए हो तो, अपनी छाती ठोक कर इस तरह की बातें कह सकते हैं।  सूची जारी कर बीजेपी के नेताओं को पैसे मिलने की बात कहना कांग्रेस की परंपरा और ओछी राजनीति है।

सांसद रेणुका सिंह ने कहा मैं अंधेरी कोठरी में ले जाकर बेल्ट से ठोकना अच्छे से जानती हूं

अम्बिकापुर. पीएम मोदी की टीम प्रदेश से शामिल एकमात्र सांसद रेणुका सिंह अपने विवादित बयानों से हमेशा सुर्खियों में रही हैं। आदिवासी मामलों के मंत्रालय की केन्द्रीय राज्य मंत्री रेणुका सिंह अपने आपत्तिजनक बयान के कारण फिर से विवादों के घेरे में आ गई हैं। मंत्री जी ने क्वारंटाइन सेंटर के निरीक्षण के दौरान अपना आपा खो दिया और सीईओ और तहसीलदार को कोठरी में बेल्ट से पीटने की धमकी दे डाली। रेणुका सिंह ने सरगुजा में एक विवादित बयान दिया। क्वारेंटाइन सेंटर में रुके भाजपा समर्थक ने बलरामपुर के क्वारेंटाइन सेंटर में लगे अफसरों पर मारपीट का आरोप लगाया था। इसी बात को लेकर रेणुका ने अधिकारियों से कहा- मैं अंधेरी कोठरी में ले जाकर बेल्ट खोलकर अच्छे से ठोकना जानती हूं। सांसद भर रहती तो पूरे टाइम अपने क्षेत्र में रहती, लेकिन मंत्री भी हूं इसलिए दिल्ली में भी रहना पड़ता है, देश की बड़ी जिम्मेदारी है। ऐसे में यह मत समझिए कि जनता या हमारे कार्यकर्ता यहां निरीह हो गए हैं। सरकार जिंदगी बचाने के लिए कितना पैसा खर्च कर रही है, आप लोग पढ़े लिखे अफसर कर्मचारी हैं, कभी सुने थे कि ट्रेन बंद हुई है। 

आरएसएस पर मोहन मरकाम द्वारा की गई टिप्पणी पर भाजपा, नेता प्रतिपक्ष ने कहा- माफी मांगे मरकाम

रायपुर। नेता प्रतिपक्ष धरमलाल कौशिक ने राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ पर कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष मोहन मरकाम द्वारा की गई टिप्पणी पर कड़ी प्रतिक्रिया व्यक्त कर कहा कि कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष मोहन मरकाम का अध्ययन राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के बारे में कुछ भी नहीं है, इसलिए वह इस तरह की टिप्पणी कर रहे हैं। वे प्रदेश अध्यक्ष जैसे जिम्मेदार पद पर हैं और उन्हें कई विषयों पर अध्ययन करना चाहिए। कौशिक ने कहा कि संघ का अपना गौरवमयी इतिहास है।संघ अपनी स्थापना का शताब्दी वर्ष पूर्ण करने जा रहा है। नेता प्रतिपक्ष कौशिक ने कहा कि संघ का जुड़ाव समाज के हर वर्ग से है। इस तरह से किसी एक धर्म विशेष के लिए उनकी टिप्पणी करना सही नहीं है, जिसकी जितनी निंदा की जाये कम है।

मोदी सरकार के 5 ट्रिलियन अर्थव्यवस्था बनाने की दावा की खुली पोल, एक माह के लाक डाउन में केंद्रीय कर्मचारी सैन्य संसाधन सांसद निधि और अन्य जनहित के राशियों में किया जा रहा है कटौती

नोटबन्दी के दौरान फेयर एंड लवली स्किम से 45% गरीबो के नाम से लेकर कालाधन को सफेद किये थे वो पैसा कहा है रायपुर/26अप्रैल 2020/मोदी सरकार के सैनिक विरोधी कर्मचारी विरोधी और पेंशनर विरोधी रवैया पर सवाल खड़े करते हुए प्रदेश कांग्रेस प्रवक्ता धनंजय सिंह ठाकुर ने पूछा है कि सैनिकों पेंशनरों और कर्मचारियों का भत्ता झटकने की नौबत क्यों और कैसे आ गयी ? एक महीने में ही आर्थिक हालत इतनी खराब कैसे हो गई ? मोदी जी छह साल से क्या कर रहे थे कि एक महीने की बन्दी से खजाना खाली हो गया? रिजर्व बैंक से ली गई 1 लाख 76 हज़ार करोड़ रु कहा है? प्रदेश कांग्रेस प्रवक्ता धनंजय सिंह ठाकुर ने कहा किअंतराष्ट्रीय बाजार में से सस्ते क्रूड ऑयल खरीद कर पेट्रोल डीजल पर भारी भरकम टैक्स लगाकर 20 लाख करोड़ रु मुनाफा कमाया गया कहा है?इसमें रिफाइनरी वाले अंबानी की बात तो कर ही नहीं रहे हैं । GST कलेक्शन भी वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण के अनुसार बढ़ा ही है। इनकम टैक्स में भी अभूतपूर्व वृद्धि की जानकारी मोदी जी की सरकार ने ही देश को और संसद को दी है। प्रदेश कांग्रेस प्रवक्ता धनंजय सिंह ठाकुर ने कहा कि अभी तो 2020 - 21 के वित्त वर्ष की शुरुआत ही हुई है।30 लाख करोड़ के बजट की सारी मदों के पैसे सरकार के पास बचे ही हैं। सभी कम्पनियों के CSR के पैसे भी केंद्र सरकार ने ले ही लिए हैं ।सांसदों के 2 साल की सांसद निधि की राशि भी जब्त कर ली है। राष्ट्रपति से लेकर सांसद तक के वेतन से भी 30 फीसदी कटौती कर ली है। टाटा और अन्य कम्पनियों ने भी हजारों करोड़ का चंदा दे ही दिया। मात्र 20 -30 हजार कोरोना मरीज मिलने पर आपकी हालत ये हो गयी कि अब सैनिकों और कर्मचारियों के वेतन और कर्मचारियों की पेंशन पर भी नजर गड़ गयी ? बुजुर्गों का महँगाई राहत का हक भी छीन लिया ? क्या इसी आर्थिक हालत के बल पर 5 ट्रिलियन का जोश मार रहे थे? पूरी दुनिया के दादा बनने के दावे कर रहे थे? करोना की स्थिति गंभीर से गंभीर होती जा रही है। किसी देश से युद्ध छिड़ जाए तो क्या कीजियेगा? इराक, ईरान, कोरिया और अनेक देश कड़े अंतराष्ट्रीय प्रतिबंधों के बाद भी इतने लाचार न हुए थे।

रमन सिंह अपने 15 साल याद करें : कांग्रेस

Danteshwar kumar ( chintu) 


जगदलपुर । अर्णव पर स्याही फेंके जाने की कथित घटना पर रमन सिंह के बयान पर तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कांग्रेस  के प्रदेश प्रवक्ता आलोक दुबे ने कहा है कि रमन सिंह के 15 साल में पत्रकारों के साथ जो बर्ताव हुआ रमन सिंह को उसको याद करना चाहिए। एक नकारात्मक रिपोर्ट  पर  पत्रकारों को तरह तरह की धमकियां दी गई और खासकर नक्सली इलाकों में इसके सबूत भी मौजूद हैं कि रमन सिंह सरकार में पत्रकारों को सरकारी अधिकारियों ने हत्या तक करने की धमकियां दी। 15 साल तक बस्तर में पत्रकारों के काम करने की जो स्थिति रही और उसको लेकर जो एडिटर्स गिल्ड ऑफ इंडिया की रिपोर्ट है, रमन सिंह यह बयान जारी करने के पहले उसे पढ़ लेते तो ज्यादा बेहतर होता। रमन सिंह सरकार में पत्रकारों पर जो दबाव बनाया गया और पत्रकारों को जिन परिस्थितियों में काम करना पड़ा, उस पर भी रमनसिंह को एक नजर डालनी चाहिये । रमन सिंह के 15 वर्ष के शासनकाल में पत्रकारों को जिस तरीके से धमकियां दी गई जान से मारने और झूठे मामलों में फंसाने की साजिशें की गयीं अभी इसे छत्तीसगढ़ भूला नहीं है।

प्रदेश कांग्रेस के प्रवक्ता आलोक दुबे ने कहा है कि आज अर्णव पर स्याही फेंके जाने की कथित घटना से रमन सिंह को अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता की याद आ रही है। मोदी, रमन की पोल खोलने वाले कार्यक्रम के प्रसारित होने के बाद एबीपी न्यूज़ चैनल के साथ क्या किया गया किस तरीके से एबीपी न्यूज़ के सिग्नल को डिस्टर्ब किया गया और पुण्य प्रसून बाजपाई जैसे वरिष्ठ पत्रकार को नौकरी छोड़ने के लिए किन परिस्थितियों में मजबूर होना पड़ा इसे पूरा देश जानता और समझता है।

अर्णव गोस्वामी पर दो व्यक्तियों द्वारा कथित रूप से स्याही फेंके जाने पर डॉ रमन सिंह द्वारा विचलित हो कर दिए गए बयान पर कांग्रेस के प्रवक्ता आलोक दुबे ने कहा है कि पूरा देश और छत्तीसगढ़ इस बात को बखूबी समझ रहा है कि पहले राहुल गांधी की 16 अप्रैल को हुई पत्रकार वार्ता  को लेकर  झूठे तथ्य प्रसारित करके और फिर सोनिया गांधी के खिलाफ आपत्तिजनक टिप्पणी करके, अर्णव गोस्वामी केंद्र की मोदी सरकार द्वारा करोना से निपटने में हुई लापरवाही और आपराधिक भूल से ध्यान हटाने के एजेंडे के तहत काम कर रहे हैं। जैसे-जैसे भारत में करोना प्रभावितों की संख्या बढ़ रही है वैसे-वैसे  नमस्ते ट्रंप और मध्य प्रदेश में  सत्तालोलुपता में किए गए पापों से छुटकारा पाने के लिए और केंद्र की मोदी सरकार  के द्वारा देश के सामने उपजी विकट परिस्थितियों  से ध्यान हटाने के लिए अर्णव और अर्णव के आका अपने पुराने काम में लग गए हैं।आजादी की लड़ाई के दिनों से नफरत फैलाकर यह सब यही करते और भारत की जनता को धोखा देते आ रहें हैं ।

बिलासपुर मेयर ने किया दावा..गर्मी के दिनों में नहीं होगी पानी की किल्लत।

 

नये बोरिंग और मोटर पंप लगाये गये।

टंकी की साफ-सफाई शुर-मेयर।

जोन वाइज होगी सफाई-रामचरण यादव। 

पानी की सप्लाई के लिए वैकल्पिक उपाय.

पानी सप्लाई के लिए टैंकर का उपयोग। 

बिलासपुर शहर के महापौर रामशरण यादव ने दावा किया है कि, इस बार गर्मी के दिनों में शहर के लोगों को पानी की किल्लत नहीं होगी..! इसके लिए नगर निगम ने अभी से तैयारियां शुरू कर दी हैं।  इसकी शुरुआत टंकियों की साफ-सफाई और नए बोरिंग में पंप लगाने से की जा रही है । वहीं पानी सप्लाई के वैकल्पिक उपाय जैसे कि,  पानी के टैंकर का उपयोग किया जाएगा।  मेयर रामशरण यादव की मानें तो, ऐसे क्षेत्रों को पहले  चिन्हित कर लिया गया है जहां बीते दिनों में पानी की भारी किल्लत होती थी।  लिहाजा ऐसे जगहों पर पानी के टैंकर के माध्यम से पीने का पानी पहुंचाया जाएगा। वही टंकी की साफ सफाई का काम जोन स्तर पर किया जा रहा है । इसकी शुरुआत जोन क्रमांक-1 (सकरी) से हो रही है।  वहीं जल्दी शहर के सभी क्षेत्र में पानी टंकियों की सफाई पूरी हो जाएगी।

अर्णव गोस्वामी ने करोना महामारी जैसे गंभीर विषय में देश को गुमराह किया :कांग्रेस

Danteshwar kumar ( chintu)


 जगदलपुर । करोना महामारी के गंभीर विषय में 16 अप्रैल को राहुल गांधी ने एक वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के द्वारा पत्रकार वार्ता की थी। इस पत्रकार वार्ता की पूरी रिकॉर्डिंग यूट्यूब पर उपलब्ध है। राहुल गांधी जी ने इस पत्रकार वार्ता में कहा था कि टेस्टिंग को लेकर विश्व स्वास्थ्य संगठन की गाइडलाइन का अनुसरण किया जाना चाहिए और सरकार को टेस्टिंग बढ़ाना चाहिए ताकि करोना के फैलाव का सही आकलन कर उसे रोका जा सके। राहुल गांधी ने अपनी पत्रकार वार्ता में यह भी कहा था कि टेस्टिंग बढ़ाए बिना किसी के लिए भी यह संभव नहीं होगा कि फैलाव किस तरह से हो रहा है, कहां हो रहा है और लॉक डाउन हटने के बाद यह महामारी फिर से फैलना शुरु कर देगी। 

प्रदेश कांग्रेस के प्रवक्ता आलोक दुबे ने बताया है कि राहुल गांधी जी के द्वारा करुणा से लड़ने को लेकर जो तथ्य बताए गए थे उनकी पुष्टि प्रोफेसर स्टीव हैंग जॉन हापकिंस यूनिवर्सिटी जैसे अन्य विशेषज्ञों के द्वारा भी पूरे विश्व में की गई जो कि करोना महामारी को फैलने से रोकने के काम में लगे हुए हैं। कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने यह भी कहा था कि बिना समुचित टेस्टिंग सुविधाओं के केवल देश को लॉक डाउन करना करोना  महामारी से उत्पन्न समस्या का समाधान नहीं हो सकता। कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने गरीबों के खाते में सीधे धन जमा किए जाने की जरूरत पर भी बल दिया था ताकि करो ना महामारी के कारण आ रही आर्थिक कठिनाइयों का सामना गरीब मजदूर कर सकें।

प्रदेश कांग्रेस के प्रवक्ता आलोक दुबे ने कहा है कि इस खबर को सही ढंग से प्रस्तुत करने के बजाए अर्णव गोस्वामी ने जानबूझकर पूरी पत्रकार वार्ता को गलत प्रस्तुत किया और करोना महामारी के खिलाफ इस लड़ाई में देश को गुमराह किया। अर्णव गोस्वामी ने देश को यह बताया कि राहुल गांधी का टेस्ट बढ़ाने का सुझाव पूरी तरीके से गलत है। यह एक बेहद खतरनाक स्थिति है और यदि लोग अर्णव गोस्वामी और उनके टीवी चैनलों पर भरोसा करके  टेस्टिंग को अनावश्यक समझ लेंगे तो इससे देश के करोड़ों लोगों के स्वास्थ्य पर गहरा प्रभाव पड़ेगा। पूरे देश में अपनी जान जोखिम में डालकर करोना की टेस्टिंग में लगे चिकित्सकों और स्वास्थ्य कर्मचारियों पर हमले की घटनायें अर्णव गोस्वामी और उनके टीवी चैनल जैसे गलत प्रचार करने वालों के कारण हो रही है। अर्णव गोस्वामी ने यह भी रिपोर्टिंग की कि राहुल गांधी लाॅक डाउन के खिलाफ हैं जो कि पूरी तरीके से आधारहीन और असत्य है। प्रदेश कांग्रेस के प्रवक्ता आलोक दुबे ने कहा है कि तदनुसार आज  पूरे छत्तीसगढ़ में और पूरे देश में अर्णव गोस्वामी के विरुद्ध कार्यवाही की मांग को लेकर कांग्रेसजनों द्वारा रिपोर्ट लिखाई गई है।