राज्य

Bbn24 News टिप्पणी :: पुराणों की काशी में अब तक दो विनायक ध्वंस का शिकार हो चुके हैं।

पुराणों की काशी में अब तक दो विनायक ध्वंस का शिकार हो चुके हैं। सरकार से जनता पूछे कि सनातन आस्था के इन प्रतीकों का ध्वंस करके जनहित के कौन से सवालों का समाधान किया जा रहा है। इस तोड़फोड़ के बाद काशी विश्वनाथ मंदिर से लेकर मणिकर्णिका घाट तक एक सड़क बनायी जायेगी जिसे काशी विश्वनाथ कारीडोर कहा जायेगा और ये सबकुछ केवल इसलिए की दर्शन पूजन के लिए वीआईपीज को विश्वनाथ की गलियों मे पैदल न चलना पड़े।  दुनिया देखे कि कैसे काशी मे सनातन आस्थाओ को पुलिसिया बूटों के नीचे कुचला जा रहा है। सत्ता का मद कैसे किसी को तानाशाह और लोगों का गुनाहगार बना देता है। देश की आध्यात्मिक राजधानी अपने इतिहास के किन काले दिनो से गुजर रही है इसका विचार और मंथन होना चाहिए और इसे रोका जाना चाहिए। दुनिया के सबसे पुराने नगर काशी की धार्मिक पहचान और आध्यात्मिक विरासत किस तरह नष्ट की जा रही है। काशी विश्वनाथ की धरती आज अनियोजित और अनियंत्रित विकास की कीमत चुका रही है। खुद को हिन्दू और हिन्दुत्व के सबसे बड़े संरक्षक बताकर जनमत लूटने वाले लोगों ने यह कैसा घृणित पाप कर डाला है यह समझ से परे है। चित्रों को देखकर जनता खुद समझ सकती है कि जनहित के नाम पर यह कौन सा व्यापार हो रहा है और यह सब चुपचाप क्यों हो रहा है।  पुराणों मे काशी क्षेत्र मे छप्पन विनायकों के अधिष्ठान का वर्णन है, उनमे से दो विनायक अबतक इस ध्वंस का शिकार हो चुके है। जनता उद्वेलित है क्योंकि यह चोट जनता के / सनातन धर्मी के मर्म पर लगी है। सूत्र बताते हैं कि जनता आन्दोलित इसलिए नही हो पा रही है क्योकि उसे बांटकर और धमकाकर, पैसों का प्रलोभन देकर और बरगलाने वाले सपने दिखाकर नाथ दिया गया है। यह तांडव गंगापुत्र की नाक के ठीक नीचे बाकायदा उनकी सरपरस्ती मे काशी विश्वनाथ मंदिर की उन जगतप्रसिद्ध गलियों मे चल रहा है जिनके दर्शन करने दुनिया भर से लोग आते है और यह तांडव अदालत के उन आदेशों को धता बताकर हो रहा है, जिनमे स्पष्ट कहा गया है कि गंगा के दोनो किनारो पर दो - दो सौ मीटर की हद मे कोई नया निर्माण या ध्वंस नही किया जा सकता। बनारस के लगभग सभी जन प्रतिनिधि, सभी एमएलए, एमपी, मंत्री और पूरा नगर निगम आज बीजेपी के पास है और एकतरफ से सभी खामोश है। क्यों हैं ये खामोश यह सबसे बड़ा सवाल है। जनहित - जनहित का नारा लगाकर विकास - विकास का शोर मचाती सरकारो से पूछे कि सनातन आस्था के इन प्रतीकों का ध्वंस करके जनहित के कौन से सवालों का समाधान किया जा रहा है ? देश का आम हिन्दू जनमानस अपने साधुओं, संतो को टूटते विनायक विग्रहो की चौखटो पर धूल चाटता देख सके करके किया जा रहा है ?दुनिया द्वारिकापीठ के भावी शंकराचार्य जगद्गुरु स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद के हक्का बक्का हुए चेहरे की आज गवाही बना । स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद को यह देखकर अत्यंत पीड़ा हुई और वे इस हेतु व्यथित हैं।

यूपी पीसीएस परीक्षा में बड़ा बदलाव, अब 200 की जगह 100 अंक का होगा इंटरव्यू

लखनऊ। सीएम योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में आयोजित हुई कैबिनेट मीटिंग में आज कई महत्वपूर्ण प्रस्तावों पर मुहर लगी। सरकार ने जहां शाहजहांपुर में नगर निगम बनाने का फैसला किया वहीं नोएडा के अंदर पोस्ट ग्रेजुएट बाल चिकित्सालय के निर्माण पर सरकार ने मुहर लगाई। साथ ही सरकार ने उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग की परीक्षा पद्धति और पाठ्यक्रम में भी बदलाव सहित कुल आठ प्रस्तावों पर मुहर लगाई।

सरकार के प्रवक्ता सिद्धार्थनाथ सिंह ने बताया कि कैबिनेट ने पीसीएस परीक्षा में महत्वपूर्ण बदलाव को मंजूरी देकर अब साक्षात्कार की वैल्यू कम कर दी है। 2013 में केंद्र सरकार के सिविल सर्विसेज में इंटरव्यू का अंक घटा था। उसी तर्ज पर यह फैसला किया गया है। इसके लिए बनाई गई कमेटियों ने सुझाव दिया था कि इंटरव्यू का अंक कम किया जाए। 

उन्होंने कहा कि हर जगह अब लिखित परीक्षा को प्राथमिकता दी जा रही है। इसलिए अब इंटरव्यू 200 की जगह 100 अंक का किया गया है। कुल परीक्षा 1600 अंकों की होगी, जिसमें 1500 अंक की लिखित परीक्षा होगी। हिंदी और निबंध के 150-150 अंक रहेंगे, जबकि सामान्य अध्ययन के 200-200 अंक के दो प्रश्नपत्रों की जगह अब 200-200 अंक के चार प्रश्न पत्र होंगे।
शाहजहांपुर में बनेगा नगर निगम
राज्य सरकार नगर पालिका परिषद शाहजहांपुर में नगर निगम बनाने का फैसला हुआ है। शाहजहांपुर नगर निगम में रोजा और आसपास के 14 सीमावर्ती इलाकों को शामिल किया गया। 

पशु बधिया के लेवी को खत्म किया गया 
सरकार ने पशुधन को लेकर बड़ा फैसला लिया है, जिसमें बधिया के लेवी को खत्म किया गया इसके जरिये नस्ल सुधार करने की कोशिश है। पशुओं की संख्या ज्यादा है, लेकिन दूध कम है इसलिए नर पशुओं के बधिया करण को अनिवार्य किया गया। इसके लिए 10 बड़े पशुओं से और छोटे पशुओं से 5 रुपये लिया जाता रहा है।

पंडित दीनदयाल खादी विपड़न विकास योजना लागू 
पंडित दीनदयाल खादी विपड़न विकास योजना लागू की गई जिसके अंतर्गत त्रैमासिक आधार पर दावे मिलेगे, अब संस्थाओं द्वारा त्रैमासिक भुगतान किया जाएगा। इसके साथ ही बुंदेलखंड के लिए कृषि पैकेज की घोषणा भी की गई। 

खरीफ की फसलों के लिए अनुदान देगी सरकार
योगी सरकार ने बुंदेलखंड क्षेत्र में खरीफ फसल के वृद्धि के लिए राज्य सरकार द्वारा अनुदान देने का फैसला लिया है। धान, दलहनी और तिलहनी फसलों को 2018 से 2021 तक प्रमाणित बीजो को 80 प्रतिशत अनुदान दिया जाएगा। मक्का, कपास, सांवा, कोदो जैसी फसलों के लिए भी सरकार ने विशेष अनुदान दिया है।

कृषि यंत्र में मिलेगी भारी छूट
प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना के तहत एक से अधिक खेत तालाब दिया जाएगा। कृषि के क्षेत्र में बुंदेलखंड को पैकेज दिया है। खरीफ के फसलों का प्रमोशन बढ़ेगा। सात हजार हेक्टेयर खरीफ फसलों का विस्तार किया जाएगा। खेत तालाब योजना को बढ़ाकर 5 हजार करने की योजना है। कृषि यंत्र पर आठ लाख तक की छूट दी जाएगी।

स्वास्थ्य के क्षेत्र में लिया गया अहम फैसला
मेडिकल कॉलेज एसआरएन कॉलेज में छात्रवास है जिसे ध्वस्त करके यहां पर बाल चिकित्सालय बनाया जाएगा। नोयडा के अंदर पोस्ट ग्रेजुएट स्पेशियलिटी बाल चिकित्सालय 38 सेक्टर में है इसमें निदेशक का रिटायर्मेंट उम्र 70 साल किया जा रहा है। साथ ही वे एक जगह पांच साल से ज्यादा नहीं रह स

महिला पत्रकार का गाल थपथपाना राज्यपाल को पड़ा महंगा, लिखित बयान जारी कर मांगी माफी

तमिलनाडु. राज्यपाल बनवारीलाल पुरोहित एक बार विवादों में फंस गये है. इस बार वे एक महिला पत्रकार का गाल सहलाने की वजह से विवादों में आ गये. हालांकि मामला बढ़ता देख 78 वर्षीय राज्यपाल ने आधिकारिक रूप से लिखित माफी मांगी है. जिसमें उन्होंन सफाई देते हुए कहा है कि महिला पत्रकार को पोती समझकर दुलार किया है.

बता दे कि हाल ही में कॉलेज सेक्स स्कैंडल केस में वायरल हुई ऑडियो क्लिप में उनका नाम भी शामिल था. इस मामले के सामने आने के बाद राज्यपाल बनवारीलाल पुरोहित सफाई देने के लिए मंगलवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस बुलाई थी. जिसमें उन्होंने एक महिला पत्रकार के गाल थपथपा. जिसके बाद उस महिला पत्रकार सहित विपक्ष ने राज्यपाल पर निशाना साधते हुए उनकी आलोचना शुरू कर दी.
हालांकि मामला बढ़ता देख राजभवन की ओर से जारी सफाई में कहा है कि उन्होंने किसी गलत उद्देश्य से महिला पत्रकार को नहीं छुआ था. राज्यपाल का कहना है कि प्रेस कॉन्फ्रेंस में आपने अच्छा सवाल पूछा था, जिसकी वजह से शाबासी के तौर पर मैंने आपको पोती के तौर पर समझा और गाल पर दुलार से हल्की सी थपकी दी थी. सफाई पत्र में कहा गया है कि अगर महिला पत्रकार को राज्यपाल के इस कदम से दुख पहुंचा है तो वो इसपर खेद प्रकट करते हैं और उसके लिए मांफी मांगते हैं.

यह कोई पहला मौका नहीं है जब पुरोहित विवादों में आए हों. इससे पहले भी इनके विवादास्पद बयान देश की राजनीति में बवाल पैदा कर चुके हैं. साल 2007 में पुरोहित ने ये कह कर तहलका मचा दिया था कि आरएसएस चीफ औऱ तत्कालीन प्रधानमंत्री राजीव गांधी के बीच एक घंटे की गुप्त मुलाकात हुई थी. जिसमें ये समझौता हुआ था कि अगर आरएसएस 1989 के चुनाव में कांग्रेस का साथ देती है तो अयोध्या राम मंदिर निर्माण में कांग्रेस उनका साथ देगी.

गौरतलब है कि देवांग आर्ट्स कॉलेज की प्रोफेसर निर्मला देवी के मामले को लेकर गवर्नर की ओर से एक प्रेस कॉन्फ्रेंस बुलाई गई थी. इस महिला शिक्षक पर आरोप है कि उन्होंने अपनी छात्राओं को अधिकारियों के साथ एडजस्ट करने बदले पैसे और अधिक नंबर मिलने का प्रलोभन दिया था. जिसके बाद उसको गिरफ्तार कर लिया गया था. उधर, शिक्षिका निर्मला देवी पर यह भी आरोप है कि उन्होंने राज्यपाल के नाम पर लोगों को भ्रमित किया था. उन्होंने अपने आप को राज्यपाल (पुरोहित इस यूनिवर्सिटी के चांसलर) का करीबी बताया था. हालांकि राज्यपाल ने उनके दावे को सिरे से खारिज कर दिया था.

हिमाचल प्रदेश के कांगड़ा में खाई में गिरी स्कूल बस 20 बच्चों की मौत रहत एवं बचाव कार्य जारी

हिमाचल प्रदेश - हिमाचल प्रदेश के जिला कांगड़ा के नूरपुर में मलकवाल के निकट चुवाड़ी मार्ग पर एक निजी स्कूल की बस करीब 200 फीट गहरी खाई में जा गिरी। हादसे में  20 बच्चों की मौत हो गई है।
 मिली जानकारी के मुताबिक बजीर राम सिंह पठानिया मेमोरियल स्कूल की बस चेली गांव के नजदीक करीब 200 फीट गहरी खाई में जा गिरी। बस चक्की खड्ड में गिरी है। 

 हादसा करीब साढ़े तीन बजे हुआ बताया जा रहा है। छुट्टी होने के बाद बस बच्चों को घर छोड़ने जा रही थी। शुरूआती जांच में यह बताया जा रहा है कि चालक तीखे मोड़ पर नियंत्रण खो बठा और बस 200 फीट गहरी खाई में जा गिरी। बच्चों के शवों को बाहर निकाला जा रहा है। अब तक 17 की मौत हो चुकी है। बस में कुल 39 बच्चे सवार बताए जा रहे हैं। एनडीआरएफ व फायर ब्रिगेड की टीमें मौके पर पहुंच गई हैं।

 पुलिस के अनुसार कि बस के मलबे में अभी और बच्चों के फंसे होने के कारण मरने वालों की संख्या बढ़ने की आशंका है. बचाव कार्य जारी है.। नूरपुर के विधायक राकेश पठानिया, एसडीएम आबिद हुसैन सादिक मौके पर पहुंचे हुए हैं। डीसी कांगड़ा  संदीप कुमार और एसपी कांगड़ा संतोष पटियाल अस्पताल पहुंचे हैं जहां वे पूरी व्यवस्था का जिम्मा देख रहे हैं। 

जनता कांग्रेस ने दिया भारत बंद को समर्थन

 

रायपुर | सुप्रीम कोर्ट की और से एसटी - एससी एक्ट को शिथिलीकरण करने के विरोध में 2 अप्रैल को भारत बंद को जनता कांग्रेस छत्तीसगढ़ ने समर्थन दिया है | जनता कांग्रेस छत्तीसगढ़ के मुखिया अजीत जोगी ने आज परिपत्र जारी करते हुए सभी संगठनो को भारत बंद का समर्थन करने निर्देश जारी किया है। उन्होंने कहा है कि यह फैसला वंचित वर्ग के साथ अन्याय है।

 

बोरवेल में गिरे चार वर्षीय बालक रोशन को सकुशल बाहर निकाल लिया गया

 

देवास - जिंदगी आखिर जीत गई। ग्राम उमरिया स्थित खेत के 8 इंच गोलाई के खुले बोरवेल में शनिवार सुबह गिरे चार वर्षीय बालक रोशन को सकुशल बाहर निकाल लिया गया।
 देवास जिले के खातेगांव के समीप ग्राम उमरिया में मजदूरी करने आई काजीपुरा निवासी महिला का 4 वर्षीय बालक रोशन पिता भीमसिंह अपने बड़े व छोटे भाई के साथ खेत में खेल रहे थे कि अचानक सुबह 11 बजे के लगभग रोशन खेत में खुले बोर बेल में जा गिरा।​. घटना की सूचना मिलते ही प्रशासन बिना साधन के 1 जेसीबी के साथ जा पंहुचा जो 40 फिट गहरे गड्ढे की खुदाई के लिया ना काफी थी। शाम 4 बजे 2 पोकलेन मशीन बुलाई गई तब रेस्क्यू में तेजी आई।

बच्‍चे को बचाने के‍ लिए अभियान कई स्‍तरों पर चलाया गया। करीब 35 घंटे की मशक्‍कत के बाद लगभग 37 फीट गहरे बोरवेल में गिरे इस बालक को निकाल लिया गया। बच्‍चे को फि‍लहाल डाॅक्‍टरों की निगरानी में खातेगांव अस्‍पताल भेजा गया है। हवलदार अवतार सिंह ने रस्‍सी के सहारे बालक को बाहर निकाला। डॉक्‍टरों ने बताया‍ कि बच्‍चा फि‍लहाल पूरी तरह स्‍वस्‍थ है।

देवास कलेक्‍टर आशीष सिंह ने इस अभियान पर प्रसन्‍नता व्‍यक्‍त करते हुए सभी का धन्‍यवाद दिया। मंत्री अर्चना चिटनीस और दीपक जोशी ने भी बचाव अभियान में अहम भूमिका निभाने वालों का शुक्रिया अदा किया।क्षेत्र के विधायक आशीष शर्मा ने इस अभियान को बड़ी चुनौती बताया।मुख्‍यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने भी इस मामले में ट्वीट करते हुए सबके सहयोग के लिए धन्‍यवाद दिया।

फिर हाल अभी नहीं होगी हेमंत कटारे की गिरफ्तारी 16 मार्च तक हाईकोर्ट ने लगाई रोक

 इंदौर मध्यप्रदेश हाईकोर्ट ने कांग्रेस विधायक हेमंत कटारे की गिरफ्तारी पर 16 मार्च तक रोक लगाई है। मंगलवार को हाईकोर्ट में हेमंत कटारे ब्लैकमेलिंग मामले में सुनवाई हुई। इस दौरान वहां युवती और उसकी मां भी मौजूद थीं। कोर्ट में प्रैंक वीडियो भी देखा गया, इसके बाद जज ने केस डायरी के साथ जांच अधिकारी को भी तलब किया है।

इसके बाद केस की अगली तारीख 16 मार्च दी गई। इस दौरान हेमंत कटारे की गिरफ्तारी पर भी रोक लगाई गई है। गौरतलब है कि भोपाल निवासी छात्रा द्वारा दुष्कर्म की शिकायत के बाद विधायक कटारे ने हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया था।

कोलारस और मुंगावली ही नहीं पूरे मध्यप्रदेश और दिल्ली में बैठे राजनीति के रणनीतिकारों की निगाहें इन चुनाव परिणामों पर

इंदौर-  शिवपुरी जिले के कोलारस विधानसभा की मतगणना कोलारस की आईटीआई में सुबह 8 बजे से शुरू होगी। वहीं मुंगावली में वोटों की गिनती अशोकनगर स्थित शासकीय नेहरू डिग्री कॉलेज में होगी। मतगणना की तैयारियां पूरी कर ली गयी है। सबसे पहले डाक मतपत्रों की गणना की जाएगी। डाकमतपत्र की गणना के बाद इलेक्ट्रोनिक वोटिंग मशीनों में डाले गए मतों की गणना होगी। 
सत्ता के सेमीफाइनल कहे जा रहे मुंगावली और कोलारस चुनाव के परिणाम बुधवार को सबके सामने होंगे। कांग्रेस अपनी सीट बचाने में कामयाब होगी या फिर बीजेपी कांग्रेस की सीटें छीनकर अटेर और चित्रकूट की हार का बदला लेगी, यह देखना होगा दिलचस्प होगा।

गौरतलब है कि सिर्फ कोलारस और मुंगावली की जनता ही नहीं बल्कि पूरे मध्यप्रदेश और यहां तक कि दिल्ली में बैठे राजनीति के रणनीतिकारों की निगाहें इन चुनाव परिणामों पर है। 28 फरवरी को होने वाली मतगणना की तैयारी पूरी कर ली गयी है। कोलारस के वोटों की गिनती 23 तथा  मुंगावली में मतों की गणना 19 राउंड में होगी। कोलारस में 22 और मुंगावली में 13 उम्मीदवारों के भाग्य का फैसला मतगणना से तय होगा।
कोलारस में 19 और मुंगावली में 8 उम्मीदवारों ने निर्दलीय चुनाव लड़ा है। कोलारस में सभी पुरूष और मुंगावली में 3 महिला उम्मीदवार हैं। कोलारस में 2 लाख 44 हजार 457 मतदाताओं में से एक लाख 72 हजार 115 ने वोट डाले। इनमें 95 हजार 800 पुरुष, 76 हजार 312 महिला और 3 थर्ड जेडर मतदाता शामिल हैं। मुंगावली में एक लाख 91 हजार 9 मतदाताओं में से एक लाख 47 हजार 164 ने अपने मताधिकार का उपयोग किया। इनमें 80 हजार 677 पुरुष और 66 हजार 487 महिलाएं शामिल हैं।

बता दे की प्रत्येक टेबिल के लिए एक-एक माइक्रो आब्जर्वर, गणना पर्यवेक्षक, गणना सहायक और 2 अन्य कर्मचारी को तैनात किया गया है। सबसे पहले डाक मत-पत्र की गिनती की जायेगी। डाक मत-पत्र की गणना रिटर्निंग ऑफीसर की टेबिल पर होगी। इस प्रकार दोनों स्थानों पर 70-70 कर्मचारी ईवीएम में डाले गये वोटों की गिनती करवायेंगे। सामान्य प्रेक्षक, जिला निर्वाचन अधिकारी और रिटर्निंग ऑफीसर की मौजूदगी में मतगणना होगी। अभ्यर्थियों के मतगणना एजेंट भी प्राधिकार-पत्र के साथ उपस्थित रहेंगे। सम्पूर्ण मतगणना की वीडियोग्राफी करवाई जायेगी।

मलैया आज करेंगे बजट पेश MP के बजट में दिखेगी चुनावी झलक,

भोपाल - चौदहवीं विधानसभा का आखिरी पूर्ण बजट बुधवार को विधानसभा में पेश होगा। इसमें चुनावी झलक साफ नजर आएगी।

चुनाव को मद्देनजर रखते हुए बजट में हर वर्ग को खुश करने की सरकार भरपूर कोशिश करेगी। वित्त मंत्री जयंत मलैया जीएसटी (गुड्स एंड सर्विस टैक्स) लागू होने के बाद पहली बार बजट प्रस्तुत करेंगे। ये उनका लगातार पांचवां बजट होगा।

बुधवार को सुबह विधानसभा में मुख्यमंत्री के कक्ष में कैबिनेट होगी। इसमें बजट को औपचारिक मंजूरी दी जाएगी। सूत्रों का कहना है कि बजट दो लाख करोड़ रुपए से ज्यादा का हो सकता है। इसमें गांव, शहर, गरीब, किसान, महिला, युवा और कर्मचारियों पर विशेष फोकस रहेगा।

सामाजिक समीकरणों को साधने के साथ सरकार हर वर्ग को कुछ न कुछ देने की कोशिश बजट में करेगी। किसानों के लिए बजट में विशेष प्रावधान रहेंगे तो कर्मचारियों को साधने के लिए उनके हित की कुछ घोषणाएं हो सकती हैं। पेंशनरों को सातवां वेतनमान देने के साथ कुछ कर्मचारी संवर्ग का मानदेय बढ़ाने का खुलासा भी वित्त मंत्री कर सकते हैं।

डॉ. रामविजय शर्मा का कोल्हापुर (महाराष्ट्र) के जैन धर्म के तीर्थ यात्रियों द्वारा सम्मान किया

राकेश साहू@bbn24

जांजगीर /मालखरौदा - विगत दिनों बलौदा के तहसीलदार डॉ. रामविजय शर्मा का कोल्हापुर (महाराष्ट्र) के जैन धर्म के अनुयायियों द्वारा बलौदा विश्राम ग्रह में सम्मान किया गया । उल्लेखनीय है कि संत षिरोमणि आचार्य विद्या सागर जी महाराज का दर्षन करने तथा सम्मेद षिखर (झारखण्ड) सममेद षिखर का दर्षन करने जैन धर्म के तीर्थ यात्रीगण कोल्हापुर (महाराष्ट्र) से पैदल यात्रा करते हुए जा रहे थे तथा बलौदा विश्राम गृह मे विश्राम किये । यहीं पर डॉ. राम विजय शर्मा का जैन धर्म के तीर्थ यात्रियों द्वारा टोपी, जैनी गमछा तथा मोती की माला भेंट कर सम्मान किया गया । कोल्हापुर से 41 दिनचलकर बलौदा पहुचे थे वे स्वच्छ भारत अभियान तथा भारत बोलो इंडिया नही का नारा भी दे रहे थे । इस अवसर पर भाऊसो बाबूराव हुलिकिरे, चन्द्रकांत भाऊ चोंगुले, राजकुमार शांतिनाथ पाटिल, संदीप सातगोड़ा पाटिल,निलेष जिन्नपा षिरोटे, तेजपाल कुमार मुदकाना, सुनील कुमार खवाटे, पोपट बाबू बोरगावे, रत्नंजय रावसो पाटिल, अभिनंदन बाबू इंगले, उत्तम नषेवाकोकी, षितल बाबू खरोसे विषेष रूप् से डॉ. रामविजय शर्मा का सम्मान किये। डॉ रामविजय शर्मा ने इस अवसर पर सभी तीर्थ यात्रियों को कुषल पद यात्रा की शुभकामनाएं दी। डॉ. शर्मा ने अपने उद्बोधन में बताया कि सम्मेद षिखर पर जैन धर्म के 24 तीर्थंकरों में से 20 तीर्थंकरों का निर्वाण हुआ था इसलिए सम्मेद षिखर जैन धर्म के अनुयायियों के लिए सबसे पवित्र स्थल है।

टेलिजेंस ब्यूरो से छत्तीसगढ़ सहित 4 राज्यों में बड़े नक्सली हमले को लेकर अलर्ट जारी किया

रायपुर। इंटेलिजेंस ब्यूरो से छत्तीसगढ़ सहित 4 राज्यों में बड़े नक्सली हमले को लेकर अलर्ट जारी किया गया है। बीते कुछ सालों में मार्च-अप्रैल के महीने में हुए नक्सली हमलों को देखते हुए ये अलर्ट जारी किया गया है।

खबर है कि इंटेलिजेंस ब्यूरो से छत्तीसगढ़ सहित 4 राज्यों को गर्मियों में बड़े नक्सली हमले का अलर्ट जारी किया गया है, वहीं मामले में नक्सल ऑपरेशन के डीजी डीएम अवस्थी का कहना है कि अभी तक उन्हें कोई अलर्ट नहीं मिला है।
हालांकि डीएम अवस्थी ने कहा कि, 'हर साल मार्च-अप्रैल में अलर्ट जारी होता है ये भी जनरल अलर्ट होगा। दरअसल गर्मी के दिनों में नक्सली पुलिस फोर्स पर हमले की ताक में रहते हैं। अफसरों के मुताबिक नक्सली इन दिनों पानी के स्त्रोतों के करीब एंबुश लगाते हैं।
नक्सल मामलों के जानकारों के मुताबिक पतझड़ के मौसम में जंगल में तेंदुपत्ता बीने जाने की प्रक्रिया चल रही है और नक्सली तेंदुपत्ता ठेकेदारों को धमकाकर चंदा वसूली करते हैं। साथ ही नक्सली इन दिनों टीसीओसी (टेक्टिकल काउंटर अफेंसिव कैम्पेन) के तहत सुरक्षा बलों पर बड़ा हमला करते हैं। लिहाजा इंटेलिजेंस ब्यूरो ने अलर्ट जारी किया है।

डोंगरीडीह में भगवान कालिदास-वि़द्यामती मंदिर की स्थापना हर्शोल्लास के साथ की गई।

जांजगीर मालखरौदा-विगत दिनों बलौदा के तहसीलदार डां रामविजय षर्मा के मुख्य आत्थिय में मालखरौदा तहसील के अनुसूचित जाति बाहुल्य गांव डोंगरीडीह मे भगवान कालिदास-वि़द्यामती मंदिर की स्थापना आदिवासी परम्परा तथा विधि विधान से की गई । उल्लेखनीय है कि डां रामविजय षर्मा ने आदिवासी महाकावि कालिदास पर गहन षोध कर प्रमाणित किया है कि महाकावि कालिदास आदिवासी समाज के पण्डो जनजाति के थे। उनका जन्म 15 नवम्बर 350 ई.को सरगुजा (अम्बिकापुर) जिला के उदयपुर तहसील के आदिवासी बाहुल्य रामायण कालीन गांव मृगाडांड मे हुआ था जहा भगवान राम ने मारीच को दण्ड(डांड़) दिया था ।उनके पिता का नाम षिवदास पण्डो तथा माता का नाम तारा देवी था। कालिदास की मृत्यु 15 मार्च 450 ई़़़ को हुआ था । षुरू मे कालिदास षिव के उपासक थे तथा बाद मे काली के उपासक बन गये थे। उनका बचपन मृगाडांड बीता था तथा उन्होने मेघदूत तथा ़ऋतुसंहार की रचना मृगाडांड की सरहद मे स्थित रामगिरि पहाड़ी (रामगढ़ पहाड़ी )पर किया थ़्ा। डां रामविजय षर्मा का षोधपत्र बनारस हिन्दू विष्वविद्यालय से प्रकाषित एक अंतर्राश्ट्रीय षोध पत्रिका में प्रकाषित हुआ था । मेघदूत और ़ऋतुसंहार का अनुवाद विष्व की 100 से अधिक भाशाओं मे किया जा चुका है। बाद मे आदिवासी महाकवि कालिदास उज्जैन के राजा चन्द्रगुप्त द्वितीय विक्रमादित्य के दरबार मे गये और नौ रत्नां में उनका प्रथम स्थान था । डोंगरीडीह में भगवान कालिदास वि़द्यामती मंदिर की स्थापना समारोह के अवसर पर डोंगरीडीह सरपंच श्री दरसराम बंजारे समारोह कीअध्यक्षता की तथा जनपद सदस्य लालमणि पटेल,जनपद सदस्य फुलेष्वर चन्द्रा तथा पत्रकार राजू साहू विषिश्ट अतिथि के रूप मे थे । इस अवसर पर कालिदास प्रसाद (काला मुर्गा तथा महुआ दारू )का वितरण किया गया जिसे आदिवासी समाज तथा अतिथियों ने ग्रहण किया ।इस अवसर पर डां रामविजय षर्मा ने कालिदास विद्यामती मेला लगाने की घोशणा की ।श्री दरस राम बंजारे जो कालिदास बारहा डोंगरीडीह के अध्यक्ष भी है को कालिदास बैगा के रूप मे नियुक्त किया गया।इस अवसर पर आदिवासी समाज तथा अनुसूचित जाति समाज के लोग बड़ी संख्या मे सम्मिलित हुए

आनंदी बेन बनी मप्र की राज्यपाल, चीफ जस्टिस ने दिलाई शपथ

भोपाल  - मध्यप्रदेश की नवनियुक्त राज्यपाल आनंदी बेन पटेल को राजभवन में आयोजित गरिमामय समारोह में हाई कोर्ट के चीफ जस्टिस हेमंत गुप्ता ने शपथ दिलाई। गुजरात की पूर्व मुख्यमंत्री पटेल के शपथ ग्रहण समारोह में मुख्यमंत्री शिवराज सिंह सहित लोकसभा अध्यक्ष सुमित्रा महाजन, विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष अजय सिंह, सहित विभिन्न धर्मों के प्रतिनिधि उपस्थित रहे। 

राज्यपाल बनने से पहले आनंदीबेन पटेल गुजरात की मुख्यमंत्री व राज्यसभा सदस्य रह चुकी हैं। 21 नवंबर 1941 को जन्मी पटेल मोहिनाबा हाई स्कूल अहमदाबाद की प्राचार्य के पद से सेवानिवृत्त हुई थीं। 
गौरतलब है कि रामनरेश यादव का कार्यकाल समाप्त होने के बाद से राज्य के राज्यपाल का अतिरिक्त प्रभार ओम प्रकाश कोहली के पास था। पटेल के शपथ लेते ही राज्य को पूर्णकालिक राज्यपाल मिल गया है।

जीवन परिचय व सियासी सफर
आनंदीबेन मफतभाई पटेल का जन्म 21 नवंबर 1941 को खरोद, विजयपुर तालुका, मेहसाणा जिले में हुआ।
एमएससी, एमएड (गोल्ड मेडलिस्ट) हैं।
अहमदाबाद के मोहिनाबा हाई स्कूल से प्राचार्य पद से सेवानिवृत्त हैं।
1994 से 1998 तक राज्य सभा सदस्य रहीं।
10वीं गुजरात विधानसभा: 1998 से 2002 तक (मांडल विधानसभा क्षेत्र) से विधायक रहीं।
वर्ष 1998 से 1999 तक शिक्षा राज्य मंत्री (वयस्क शिक्षा रहित) (स्वतंत्र प्रभार), महिला एवं बाल कल्याण (स्वतंत्र प्रभार) रहीं।
वर्ष 1999 से 2002 तक शिक्षा (प्रारंभिक, माध्यमिक, वयस्क) व महिला एवं बाल कल्याण मंत्री रहीं।
11वीं गुजरात विधानसभा: (पाटन विधानसभा क्षेत्र) से साल 2002 से 2007 तक सदस्य रहीं।
इस दौरान शिक्षा (प्रारंभिक, माध्यमिक, वयस्क), उच्च एवं तकनीकी शिक्षा, महिला एवं बाल कल्याण, खेल, युवा एवं सांस्कृतिक गतिविधि मंत्री भी रहीं।
12वीं गुजरात विधानसभा: (पाटन विधानसभा क्षेत्र) वर्ष 2007 से 2012 तक विधायक रहीं।
राजस्व, आपदा प्रबंधन, सड़क एवं भवन, राजधानी परियोजना, महिला एवं बाल कल्याण मंत्री 4 जनवरी 2008 से 25 दिसम्बर 2012 तक रहीं।
26 दिसम्बर 2012 से 21 मई 2014 तक राजस्व, सूखा राहत, भूमि सुधार, पुनर्वास, पुनर्निर्माण, सड़क एवं भवन, राजधानी परियोजना, शहरी विकास और आवास मंत्री रहीं।
22 मई 2014 से 7 अगस्त 2016 तक गुजरात राज्य की प्रथम महिला मुख्यमंत्री रहीं।
एक नजर आनंदीबेन की उपलब्धियां
वर्ष 1988 से 90 एवं 1992 से 96 तक अध्यक्ष राज्य महिला मोर्चा, बीजेपी।
वर्ष 1990 से 1992 तक गुजरात में बीजेपी की उपाध्यक्ष रहीं।
बीजेपी महिला मोर्चा की राष्ट्रीय कार्यकारिणी की 8 वर्ष तक सदस्य रहीं।
स्कूली शिक्षा के दौरान मेहसाणा में स्कूल स्पोर्ट्स फेस्टिवल 1988 में 'वीर बाला' पुरस्कार मिला।
वर्ष 1990 में गुजरात के 'श्रेष्ठ शिक्षक' पुरस्कार से सम्मानित किया गया।
राष्ट्रीय स्तर के 'श्रेष्ठ शिक्षक' सम्मान से सम्मानित हुईं।
मोहिनता कन्या विद्यालय की दो छात्राओं को बचाने के लिए राज्य सरकार ने 'वीरता पुरस्कार' से नवाजा।
आनंदीबेन पटेल को ज्योति संघ, अहमदाबाद द्वारा 'चारूमति योद्धा पुरस्कार' से सम्मानित किया गया।
वर्ष 1999 में पटेल जागृति मंडल, मुंबई द्वारा 'सरदार पटेल पुरस्कार' दिया गया।
वर्ष 2000 में श्री तपोधन ब्राह्मण विकास मण्डल द्वारा 'विद्या गौरव' पुरस्कार दिया गया।
वर्ष 2005 में पटेल समुदाय द्वारा 'पाटीदार शिरोमणि' पुरस्कार दिया गया।
आपको अम्बु भाई पुरानी व्यायाम विद्यालय, राजपीपला द्वारा भी सम्मानित किया गया।

डॉ रमन सिंह 10 दिवसीय आस्ट्रेलिया दौरे के लिये दिल्ली रवाना

रायपुर मुख्यमंत्री डॉ रमन सिंह 10 दिवसीय आस्ट्रेलिया दौरे के लिये दिल्ली रवाना .आज दिल्ली से ऑस्ट्रेलिया के लिए होंगे रवाना विदेश दौरे पर सीएम ने कहा खास तौर पर मेक इन छतीसगढ़ के तहत है दौरा आस्ट्रेलिया के उद्योगपतियों से चर्चा होगी ऑस्ट्रेलिया के विभिन्न शहरों का दौरा होगा अलग-अलग सेक्टर के 70 उद्योगपतियों से चर्चा होगी शिक्षा, आईटी, फूड, ऑटोमोबाइल सहित विभिन्न उद्योगों पर होगी चर्चा

छत्तीसगढ़ उपचुनाव विवाद मामला

बिलासपुर:- छत्तीसगढ़ उपचुनाव विवाद मामला : रुपधर पुड़ो की याचिका हाईकोर्ट ने की ख़ारिज….सुप्रीम कोर्ट ने हाईकोर्ट से 4 महीने के भीतर सुनवाई को कहा था। अंतागढ़ उपचुनाव में छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने रूपधर पुड़ो की याचिका खारिज कर दी है। रुपधर पुड़ो अंतागढ़ के उस उपचुनाव बतौर निर्दलीय प्रत्याशी खड़े थे, जिसमें कांग्रेस के प्रत्याशी मंतूराम पवार ने नामांकन वापसी के आखिरी दिन अपना नाम वापस ले लिया था..जिसके बाद अंतागढ़ चुनाव में भोजराज नाग के सामने सिर्फ रुपधर पुड़ो रह गये थे। अंतागढ़ के पराजीत प्रत्याशी व आंबेडकर राइट्स पार्टी ऑफ इंडिया के रूपधर पुड़ो ने आरोप लगाया था कि अंतागढ़ उपचुनाव में नाम वापस लेने का दबाव डाला था। नाम वापस नहीं लेने की शर्त पर उन्हें बाकियों का हवाला देते हुए फंसाने की धमकी दी गई थी। टेपकांड सामने आने पर उन्होंने चुनाव आयोग को पत्र लिखकर विजयी भाजपा प्रत्याशी का चुनाव निरस्त करने और उन्हें विजयी घोषित करने की मांग की है। चुनाव में उन्हें 1286 वोट मिले थे। इस मामले को लेकर याचिका हाईकोर्ट में दायर की गयी थी। हालांकि इससे पहले कांग्रेस ने भी हाईकोर्ट में याचिका दायर की थी..जिसे खारिज कर दिया गया था.. बाद में कांग्रेस इस मामले में अंतागढ़ चुनाव में फिक्सिंग और फोन कांड जैसे मामले को लेकर सुप्रीम कोर्ट भी गयी थी।पिछली महीने 10 नवंबर को जस्टिस दीपक मिश्रा, जस्टिस खानविलकर और जस्टिस चंद्रचूर्ण की बेंच ने छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट को निर्देश दिए थे कि वो अंतागढ़ चुनाव में आरपीआई के प्रत्याशी रुपधर पुड़ो की याचिका पर चार महीने में सुनवाई पूरी करे. इसके बाद उस निर्णय के प्रकाश में सुप्रीम कोर्ट मामले की सुनवाई करेगी.